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कर्नाटक: मुख्यमंत्री सिद्धारमैया बोले- ये चुनाव मेरी आखिरी जंग, चामुंडेश्वरी से भरूंगा पर्चा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
Updated Thu, 29 Mar 2018 10:21 PM IST
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कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कहा है कि राज्य में मई में होने वाला विधानसभा चुनाव उनके करियर का आखिरी चुनाव होगा।
गुरुवार को एक जनसभा के दौरान सिद्धारमैया ने कहा कि 'मैं चामुंडेश्वरी विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लडूंगा क्योंकि मेरा राजनीतिक पुनर्जन्म सिर्फ यहां की जनता की मदद से हुआ था निश्चित तौर पर यह मेरा आखिरी चुनाव होगा।
बता दें कि सिद्धारमैया इस विधानसभा क्षेत्र से सात बार चुनाव लड़ चुके हैं और पांच बार जीत हासिल कर चुके हैं।
अमित शाह की व्यूह रचना तोड़ने में जुटे सिद्धारमैया
भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के हर दांव का उन्हीं की भाषा में जवाब दे रहे हैं सिद्धारमैया। कर्नाटक भाजपा के प्रभारी और केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने राज्य विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करने के लिए पूरा जोर लगा रखा है।
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जावड़ेकर पिछले छह महीने से लगातार कर्नाटक में काफी सक्रिय हैं। भाजपा को मुख्यमंत्री के तौर पर घोषित बीएस येदियुरप्पा की क्षमता पर पूरा भरोसा है, लेकिन मुख्यमंत्री सिद्धारमैय्या के दांव ने भाजपा के शीर्ष नेतृत्व की परेशानी बढ़ा दी है।
कांग्रेस बनाम भाजपा
कर्नाटक में भाजपा ने बीएस येदियुरप्पा को राज्य का भावी मुख्यमंत्री घोषित कर रखा है, लेकिन भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की छवि पर राज्य विधानसभा चुनाव में सफलता का खाका खींच रही है। इसके बरक्स कांग्रेस का केंद्रीय नेतृत्व और पार्टी के अध्यक्ष राहुल गांधी सिद्धारमैया, उनकी साफ-सुथरी छवि, सिद्धारमैया के पांच साल के शासन को केंद्र में रखकर सत्ता में वापसी का खाका खींच रहे हैं। इसके लिए सिद्धारमैया की राय काफी अहमियत रख रही है।
कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व सिद्धारमैया के पीछा खड़ा होकर पार्टी में एकजुटता बनाकर चुनाव का सामना करने की रणनीति पर चल रहा है। भाजपा अप्रैल के तीसरे सप्ताह के बाद से अपने केंद्रीय नेताओं, केंद्र सरकार के दो दर्जन से अधिक मंत्रियों के व्यापक दौरे का कार्यक्रम बना रही है।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस, उ.प्र. के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत अन्य के कार्यक्रम तय किए जा रहे हैं। वहीं कांग्रेस के पास सबसे बड़े चेहरे के रूप में पार्टी के एक दर्जन केंद्रीय नेताओं के अलावा राहुल गांधी ही हैं।
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गुरुवार को एक जनसभा के दौरान सिद्धारमैया ने कहा कि 'मैं चामुंडेश्वरी विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लडूंगा क्योंकि मेरा राजनीतिक पुनर्जन्म सिर्फ यहां की जनता की मदद से हुआ था निश्चित तौर पर यह मेरा आखिरी चुनाव होगा।
बता दें कि सिद्धारमैया इस विधानसभा क्षेत्र से सात बार चुनाव लड़ चुके हैं और पांच बार जीत हासिल कर चुके हैं।
This is my last election, I will fight from Chamundeshwari, because Chamundeshwari's people have been responsible for my political re-birth: Karnataka CM Siddaramaiah #KarnatakaElections2018 pic.twitter.com/eNCqObWTSZ
— ANI (@ANI) March 29, 2018विज्ञापन
अमित शाह की व्यूह रचना तोड़ने में जुटे सिद्धारमैया
भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के हर दांव का उन्हीं की भाषा में जवाब दे रहे हैं सिद्धारमैया। कर्नाटक भाजपा के प्रभारी और केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने राज्य विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करने के लिए पूरा जोर लगा रखा है।
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जावड़ेकर पिछले छह महीने से लगातार कर्नाटक में काफी सक्रिय हैं। भाजपा को मुख्यमंत्री के तौर पर घोषित बीएस येदियुरप्पा की क्षमता पर पूरा भरोसा है, लेकिन मुख्यमंत्री सिद्धारमैय्या के दांव ने भाजपा के शीर्ष नेतृत्व की परेशानी बढ़ा दी है।
कांग्रेस बनाम भाजपा
कर्नाटक में भाजपा ने बीएस येदियुरप्पा को राज्य का भावी मुख्यमंत्री घोषित कर रखा है, लेकिन भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की छवि पर राज्य विधानसभा चुनाव में सफलता का खाका खींच रही है। इसके बरक्स कांग्रेस का केंद्रीय नेतृत्व और पार्टी के अध्यक्ष राहुल गांधी सिद्धारमैया, उनकी साफ-सुथरी छवि, सिद्धारमैया के पांच साल के शासन को केंद्र में रखकर सत्ता में वापसी का खाका खींच रहे हैं। इसके लिए सिद्धारमैया की राय काफी अहमियत रख रही है।
कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व सिद्धारमैया के पीछा खड़ा होकर पार्टी में एकजुटता बनाकर चुनाव का सामना करने की रणनीति पर चल रहा है। भाजपा अप्रैल के तीसरे सप्ताह के बाद से अपने केंद्रीय नेताओं, केंद्र सरकार के दो दर्जन से अधिक मंत्रियों के व्यापक दौरे का कार्यक्रम बना रही है।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस, उ.प्र. के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत अन्य के कार्यक्रम तय किए जा रहे हैं। वहीं कांग्रेस के पास सबसे बड़े चेहरे के रूप में पार्टी के एक दर्जन केंद्रीय नेताओं के अलावा राहुल गांधी ही हैं।