भाजपा से सांठगांठ... राहुल गांधी की सफाई के बाद सिब्बल ने ट्वीट लिया वापस
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कपिल सिब्बल ने राहुल गांधी की एक कथित टिप्पणी को लेकर सोमवार को उन पर निशाना साधने के कुछ देर बाद कहा कि पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष ने उन्हें खुद सूचित किया कि उनके हवाले से जो कहा गया है वो सही नहीं हैं और ऐसे में वह अपना पहले का ट्वीट वापस लेते हैं।
सिब्बल ने ट्वीट किया, राहुल गांधी ने व्यक्तिगत तौर पर मुझे सूचित किया कि उन्होंने वो कभी नहीं कहा था जो उनके हवाले से बताया गया है। ऐसे में मैं अपना पहले का ट्वीट वापस लेता हूं।
Was informed by Rahul Gandhi personally that he never said what was attributed to him .
— Kapil Sibal (@KapilSibal) August 24, 2020
I therefore withdraw my tweet .
इससे पहले सिब्बल ने कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) की बैठक में राहुल गांधी की एक कथित टिप्पणी को लेकर उनपर कटाक्ष करते हुए कहा था कि उन्होंने पिछले 30 वर्षों में भाजपा के पक्ष में कोई बयान नहीं दिया, इसके बावजूद हम भाजपा के साथ साठगांठ कर रहे हैं।
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उन्होंने बतौर वकील कांग्रेस को सेवा देने का उल्लेख करते हुए ट्वीट किया, राहुल गांधी का कहना है कि हम भाजपा के साथ साठगांठ कर रहे हैं। राजस्थान हाईकोर्ट में कांग्रेस पार्टी का पक्ष रखते हुए सफल हुआ। मणिपुर में भाजपा को सत्ता से बेदखल करने के लिए पार्टी का पक्ष रखा।
उन्होंने राहुल गांधी पर कटाक्ष करते हुए कहा था, पिछले 30 वर्षों से किसी मुद्दे पर भाजपा के पक्ष में कोई बयान नहीं दिया। फिर भी हम भाजपा के साथ साठगांठ कर रहे हैं।
सिब्बल के इस ट्वीट पर विवाद खड़ा होने के बाद कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि राहुल गांधी ने सांठगांठ के आरोप वाली कोई टिप्पणी नहीं की। उन्होंने सिब्बल के ट्वीट को रिट्वीट करते हुए कहा, कृपया, फर्जी विमर्श अथवा गलत सूचना फैलाए जाने से गुमराह मत होइए। परंतु हमें एक दूसरे से लड़ने एवं कांग्रेस को नुकसान पहुंचाने के बजाय अधिनायकवादी मोदी सरकार से लड़ने के लिए मिलकर काम करने की जरूरत है।
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने पार्टी में नेतृत्व के मुद्दे पर सोनिया गांधी को पत्र लिखने वाले नेताओं पर निशाना साधा और कहा कि जब पार्टी राजस्थान एवं मध्यप्रदेश में विरोधी ताकतों से लड़ रही थी और सोनिया गांधी अस्वस्थ थीं तो उस समय ऐसा पत्र क्यों लिखा गया। खबरों में कहा गया था कि सीडब्ल्यूसी की बैठक में राहुल ने कथित तौर पर यह भी कहा कि पत्र लिखने वाले नेता भाजपा के साथ साठगांठ कर रहे हैं।