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नड्डा की नए राज्य प्रभारियों को सलाह, सक्रिय रहें और अगले चुनावों की तैयारी करें
Thu, 19 Nov 2020 10:55 PM IST
गौरव पाण्डेय
पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Thu, 19 Nov 2020 10:55 PM IST
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जेपी नड्डा (फाइल फोटो)
- फोटो : पीटीआई
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भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने गुरुवार को अपनी नई टीम में बनाए गए राज्यों के प्रभारियों के साथ पहली बैठक की। बैठक के दौरान नड्डा ने उन्हें अपने-अपने क्षेत्रों का व्यापक दौरा करने और संगठनात्मक गतिविधियों को लगातार जारी रखने पर ध्यान देने को कहा।
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पार्टी सूत्रों के अनुसार नड्डा ने वैसे तो सभी राज्य प्रभारियों को अपने-अपने जिम्मे वाले राज्यों में अधिकाधिक सक्रिय रहने को कहा लेकिन ज्यादा जोर उन राज्यों के प्रभारियों पर रहा जहां अगले साल विधानसभा के चुनाव होने हैं। ऐसे प्रभारियों को उन्होंने विशेष ऊर्जा के साथ काम करने की सलाह दी।
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बता दें कि भाजपा में महासचिवों, उपाध्यक्षों और सचिवों को विभिन्न राज्यों का जिम्मा दिया जाता है। पार्टी की भाषा में उसे प्रभारी कहते हैं। प्रभारियों का मुख्य काम राज्यों के नेताओं और केंद्रीय नेतृत्व के बीच एक कड़ी की भूमिका निभाना होता है। राजनीतिक निर्णयों में उनके सुझाव अहम होते हैं।
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अगले साल पांच राज्यों में होने हैं विधानसभा चुनाव
वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से हुई यह बैठक ऐसे समय में हुई है जब अगले साल पश्चिम बंगाल, केरल, असम, तमिलनाडु, और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव होने हैं। बैठक में भाजपा के संगठन महामंत्री बीएल संतोष ने प्रभारियों को उनकी भूमिका और भावी कार्ययोजना को लेकर एक प्रस्तुति भी दी।
नड्डा ने पिछले हफ्ते पार्टी के केंद्रीय पदाधिकारियों को राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों का प्रभार सौंपा था। फिलहाल भाजपा बंगाल में सत्ता पाने की कोशिशें कर रही है, जहां उसे अभी तक जीत नसीब नहीं हुई है। पिछले लोकसभा चुनाव में अच्छे प्रदर्शन के बाद पार्टी वहां एक मजबूत ताकत के रूप में उभरी है।
असम में भाजपा सत्ता में है और वहां उसके सामने सत्ता बचाने की चुनौती है। तमिलनाडु में भी अगले साल चुनाव हैं। वहां की राजनीति में क्षेत्रीय दलों का वर्चस्व रहा है। द्रमुक और अन्नाद्रमुक के इर्द-गिर्द ही प्रदेश की राजनीति का पहिया घूमता रहा है। फिलहाल, अन्नाद्रमुक का राज्य की सत्ता पर कब्जा है।