जॉर्जिया में जयशंकर: 394 साल बाद सौंपे महारानी केतेवन के अवशेष, 1627 में लाए गए थे गोवा
17 वीं सदी में सेंट क्वीन केतेवन जॉर्जिया की महारानी थीं। वह ईरान के शीराज में शहीद हो गई थीं। उनके अवशेष 1627 में गोवा लाए गए थे। ये 2005 में गोवा के सेंट ऑगस्टीन कॉन्वेंट में पाए गए थे।
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विदेश मंत्री एस. जयशंकर रूस के पड़ोसी देश जॉर्जिया के दौरे पर पहुंचे। भारत के किसी विदेश मंत्री का यह पहला जॉर्जिया दौरा है। इस दौरान जयशंकर ने 394 साल बाद जॉर्जिया की महारानी सेंट केतेवन के अवशेष वहां की सरकार को सौंपे। ये अवशेष गोवा के एक चर्च में 2005 में मिले थे।
विदेश मंत्री जयशंकर दो दिन की जॉर्जिया की यात्रा पर हैं। जॉर्जिया सोवियत संघ का हिस्सा था। अब तक किसी भारतीय विदेश मंत्री ने इस देश का दौरा नहीं किया था, ताकि रूस भारत से नाराज न हो जाए।
विदेश मंत्री ने अवशेष सौंपने के बाद यह ट्वीट किया
विदेश मंत्री ने शनिवार को ट्वीट किया, 'विदेश मंत्री डेविड जलकालियनी ने तिबलिसी में पूरी गर्मजोशी से स्वागत किया। सेंट महारानी केतेवन के पवित्र अवशेष जॉर्जिया के लोगों को सौंप कर अच्छा लग रहा है, भावुक पल था। संत केतेवन 17वीं सदी में जॉर्जिया की महारानी थीं। उनके अवशेष 2005 में पुराने गोवा के संत ऑगस्टिन कांवेंट में मिले थे। ऐसा माना जाता है कि ये अवशेष 1627 में गोवा लाए गए थे।'
Warmly welcomed in Tbilisi by FM @DZalkaliani. Blessed to hand over the holy relics of St. Queen Ketevan to the people of Georgia. An emotional moment... pic.twitter.com/1eGaQpnjVE
— Dr. S. Jaishankar (@DrSJaishankar) July 9, 2021
जॉर्जिया में भारत का बड़ा निवेश, 8000 भारतीय छात्र पढ़ रहे
शनिवार को जयशंकर ने जॉर्जिया के प्रधानमंत्री के साथ एक साझा प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित किया। इसमें उन्होंने कहा कि जॉर्जिया में महत्वपूर्ण भारतीय निवेश हुआ है। यहां 8000 भारतीय छात्र हैं। हमारी कुछ चर्चित फिल्मों की शूटिंग जॉर्जिया में हुई है। यहां बहुत कुछ करने की क्षमता है।
विदेश मंत्री ने कहा, भारतीय छात्र समुदाय का आपने जो ख्याल रखा है, उसके लिए मैं विशेष रूप से प्रधानमंत्री को धन्यवाद देना चाहता हूं। हम जानते हैं कि आप हमारे छात्रों की देखभाल करने के लिए अतिरिक्त उपाय किए हैं। कई मामलों में उन्हें घर लौटने और फिर पढ़ाई के लिए जॉर्जिया वापस आने में मदद की।
इससे पहले रूस के कट्टर विरोधी देश जॉर्जिया की दो दिवसीय यात्रा पर पहुंचे भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर का रेड कॉरपेट स्वागत किया गया। राजधानी तिबलिसी के एयरपोर्ट पर जयशंकर को रिसीव करने के लिए खुद जॉर्जिया के विदेश मंत्री डेविड जलकालियानी पहुंचे।1991 में सोवियत संघ से आजादी पाने के बाद यह भारतीय विदेश मंत्री की पहली जॉर्जिया यात्रा है। इससे पहले रूस के नाराज होने के डर से किसी भी भारतीय नेता ने जॉर्जिया की यात्रा नहीं की थी।