फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   IRDAI tough decision regarding health insurance claim have to be settled immediately

IRDAI: स्वास्थ्य बीमा को लेकर इरडाई का कड़ा फैसला, मरीज की मौत होने पर तुरंत करना होगा दावे का निपटान

Thu, 30 May 2024 06:08 AM IST
जलज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: जलज मिश्रा Updated Thu, 30 May 2024 06:08 AM IST
सार

भारतीय बीमा नियामक व विकास प्राधिकरण (इरडाई) ने बुधवार को सर्कुलर में कहा, आपात मामलों में बीमा कंपनी को आवेदन प्राप्त होने के एक घंटे में  कैशलेस प्राधिकरण के अनुरोध पर निर्णय लेना चाहिए। कंपनियां इसके लिए 31 जुलाई तक तैयारी कर लें। 

विज्ञापन
IRDAI tough decision regarding health insurance claim have to be settled immediately
स्वास्थ्य बीमा - फोटो : ANI

विस्तार

बीमा नियामक इरडाई ने स्वास्थ्य बीमा को लेकर कड़क फैसला किया है। इलाज के दौरान पॉलिसीधारक की मौत हो जाती है तो दावा का तुरंत निपटान करना होगा। शव को तुरंत अस्पताल से रिलीज करना होगा। नियामक ने बीमा कंपनियों से समयबद्ध तरीके से 100 फीसदी कैशलेस दावा निपटान हासिल करने को कहा है।

विज्ञापन

भारतीय बीमा नियामक व विकास प्राधिकरण (इरडाई) ने बुधवार को सर्कुलर में कहा, आपात मामलों में बीमा कंपनी को आवेदन प्राप्त होने के एक घंटे में  कैशलेस प्राधिकरण के अनुरोध पर निर्णय लेना चाहिए। कंपनियां इसके लिए 31 जुलाई तक तैयारी कर लें। बीमाकर्ता कैशलेस ऑथराइजेशन से निपटने और सहायता के लिए अस्पताल में डेस्क बना सकते हैं। नियामक ने बीमा कंपनियों से कहा, डिजिटल माध्यम से प्री-अथरॉइजेशन प्रक्रिया शुरू करें। इसका मतलब है कि बीमा कंपनी द्वारा एक प्रारंभिक राशि स्वीकृत की गई है।

विज्ञापन

पीएमसी की मंजूरी के बिना दावा खारिज नहीं हो सकता
स्वास्थ्य दावों के मामले में प्रोडक्ट मैनेजमेंट कमिटी यानी पीएमसी या इसके तीन सदस्यीय उप-समूह की मंजूरी के बिना दावा खारिज नहीं किया जाएगा। दावा खारिज या आंशिक रूप से अस्वीकृत किया जाता है तो पॉलिसी दस्तावेज के नियमों और शर्तों सहित पूर्ण विवरण के साथ दावेदार को जानकारी दी जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

देना होगा बोनस
पॉलिसी अवधि के दौरान कोई दावा नहीं होने पर कंपनी ग्राहकों को बीमा राशि बढ़ाकर या प्रीमियम राशि में छूट देकर नो क्लेम बोनस चुनने का विकल्प दे सकती है। ग्राहकों को कुशल तरीके से पॉलिसी के नवीनीकरण, सर्विसिंग व शिकायत निवारण के लिए डिजिटल सुविधा देने की भी सिफारिश की गई है।

कोई दस्तावेज जमा करने की आवश्यकता नहीं
पॉलिसीधारक को कोई दस्तावेज जमा करने की जरूरत नहीं होगी। बीमा कंपनियों और थर्ड पार्टी प्रशासक यानी टीपीए को अस्पतालों से दस्तावेज लेने होंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed