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भारतीय मौसम विभाग: अब तटीय इलाकों में चक्रवाती तूफान की जिलेवार मिलेगी चेतावनी
Fri, 09 Oct 2020 07:32 AM IST
Kuldeep Singh
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Kuldeep Singh
Updated Fri, 09 Oct 2020 07:32 AM IST
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भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) जल्द ही एक गतिशील प्रभाव आधारित चक्रवात चेतावनी प्रणाली शुरू करेगा। इसके बाद आईएमडी तटीय इलाकों में चक्रवाती तूफानों की दशा में जिलावार चेतावनी जारी कर सकेगा ताकि हर साल चक्रवातों के कारण होने वाले जानमाल के नुकसान को कम किया जा सके।
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मौसम विभाग, एनडीआरएफ और तटीय राज्य विकसित कर रहे हैं साझा मंच
इंडियन सोसाइटी ऑफ रिमोट सेंसिंग (आईएसआरएस) के दिल्ली चैप्टर के विश्व अंतरिक्ष सप्ताह समारोह में आईएमडी महानिदेशक डा. मृत्युंजय महापात्रा ने कहा, चक्रवातों के कारण बुनियादी ढांचे और संपत्ति को होने वाले नुकसान को घटाने के लिए इस सीजन से गतिशील प्रभाव आधारित चक्रवात चेतावनी प्रणाली का इस्तेमाल किया जाएगा। चेसिंग द साइक्लोन विषय पर बोल रहे महापात्रा ने कहा, पूरी दुनिया के देश चक्रवातों के कारण होने वाले बुनियादी व आर्थिक ढांचे के नुकसान से जूझ रहे हैं।
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ऐसे में नई प्रणाली से स्थान विशेष के हिसाब से चेतावनी मिलने पर स्थानीय स्तर पर ऐसी कार्य योजना तैयार करने में मदद मिलेगी, जिसमें सभी आपदा प्रबंधन एजेंसियां उस क्षेत्र या जिले के लिए कार्टोग्राफिक, भूवैज्ञानिक और हाइड्रोलॉजिकल डाटा का व्यापक उपयोग कर पाएंगी।
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महापात्रा ने बताया कि राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन (एनडीएमए) विभाग ने राष्ट्रीय चक्रवाती खतरे शमन परियोजना (एनसीआरएमपी) के नाम से एक परियोजना शुरू की है। इसमें एनडीएमए मौसम विभाग और तटीय राज्यों की सरकारों के साथ मिलकर एक वेब आधारित डायनामिक कंपोजिट रिस्क एटलस (वेबडीसीआरए) विकसित कर रहा है। इस साझा मंच से भी चक्रवातों से निपटने में मदद मिलेगी।