{"_id":"66ab5844025169650108d568","slug":"india-vietnam-adopt-action-plan-to-expand-strategic-partnership-news-in-hindi-2024-08-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Relation: '30 करोड़ डॉलर की क्रेडिट लाइन पर बनी सहमति से वियतनाम की समुद्री सीमा सुरक्षा...', बोले PM मोदी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Relation: '30 करोड़ डॉलर की क्रेडिट लाइन पर बनी सहमति से वियतनाम की समुद्री सीमा सुरक्षा...', बोले PM मोदी
Thu, 01 Aug 2024 03:12 PM IST
काव्या मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
Published by: काव्या मिश्रा
Updated Thu, 01 Aug 2024 03:12 PM IST
सार
पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि बुद्ध धर्म हमारी साझा विरासत है, जिसने दोनों देशों के लोगों को आध्यात्मिक स्तर पर एक दूसरे से जोड़ा है। हम चाहते हैं कि नालंदा विश्व-विद्यालय का लाभ वियतनाम के युवा भी उठाएं।
विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वियतनाम के पीएम फाम मिन्ह चिन्ह
- फोटो : एएनआई
विस्तार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वियतनाम के पीएम फाम मिन्ह चिन्ह की मौजूदगी में हैदराबाद हाउस में भारत और वियतनाम के बीच कई समझौतों पर हस्ताक्षर हुए। वहीं, वियतनाम के न्हा ट्रांग में टेली-कम्युनिकेशंस यूनिवर्सिटी में आर्मी सॉफ्टवेयर पार्क का भी उद्घाटन किया। इस मौके पर पीएम मोदी ने कहा कि हिंद-प्रशांत क्षेत्र के बारे में हम दोनों के विचारों में अच्छा सामंजस्य है। हम स्वतंत्र, नियम-आधारित और समृद्ध हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए अपने सहयोग को जारी रखेंगे।
विज्ञापन
हमारे द्विपक्षीय व्यापार में 85 फीसदी से अधिक बढ़ोतरी हुई
पीएम मोदी ने कहा, 'मैं वियतनाम के पीएम फाम मिन्ह चिन्ह और उनके साथ आए प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करता हूं। सबसे पहले मैं वहां के जनरल सचिव के निधन पर गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। वे भारत के अच्छे मित्र थे। पिछले एक दशक में हमारे संबंधों में विस्तार और इनमें गहराई भी आई है। पिछले 10 वर्षों में हमने अपने संबंधों को व्यापक रणनीतिक साझेदारी का रूप दिया है। हमारे द्विपक्षीय व्यापार में 85 फीसदी से अधिक बढ़ोतरी हुई है।'
विज्ञापन
भविष्य की रूपरेखा तैयार करने की ओर कई कदम उठाए
उन्होंने कहा, 'पिछले दशक की उपलब्धियों को देखते हुए आज की हमारी चर्चा में हमने आपसी सहयोग के सभी क्षेत्रों पर व्यापक रूप से चर्चा की और भविष्य की रूपरेखा तैयार करने की ओर कई कदम उठाए। हम मानते हैं कि विकसित भारत 2047 और वियतनाम के विजन 2045 के कारण दोनों देशों में विकास ने गति पकड़ी है। इससे आपसी सहयोग के बहुत से नए क्षेत्र खुल रहे हैं इसलिए अपनी व्यापक रणनीतिक साझेदारी को और अधिक मजबूती देने के लिए आज हमने एक नई कार्रवाई की योजना अपनाई है।'
विज्ञापन
रक्षा और सुरक्षा के क्षेत्र में सहयोग के लिए नए कदम उठाए
उन्होंने आगे ने कहा, 'रक्षा और सुरक्षा के क्षेत्र में सहयोग के लिए नए कदम उठाए हैं। ‘नया-चांग’ में बने आर्मी सॉफ्टवेयर पार्क का आज उद्घाटन किया गया। 300 मिलियन डॉलर की क्रेडिट लाइन पर बनी सहमति से वियतनाम की समुद्री सीमा सुरक्षा सशक्त होगी। हमने यह भी तय किया है कि आतंकवाद और साइबर सुरक्षा के विषयों पर सहयोग को बल दिया जाएगा।'
उन्होंने कहा, 'हमारी एक्ट ईस्ट पॉलिसी और हमारे हिंद-प्रशांत विजन में वियतनाम हमारा महत्वपूर्ण पार्टनर है। हिंद-प्रशांत क्षेत्र के बारे में हम दोनों के विचारों में अच्छा सामंजस्य है। हम विस्तारवाद नहीं, विकासवाद का समर्थन करते हैं। हम स्वतंत्र, नियम-आधारित और समृद्ध हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लिए अपने सहयोग को जारी रखेंगे।'
बुद्ध धर्म हमारी साझा विरासत
उन्होंने कहा, 'बुद्ध धर्म हमारी साझा विरासत है, जिसने दोनों देशों के लोगों को आध्यात्मिक स्तर पर एक दूसरे से जोड़ा है। हम भारत में बौद्ध सर्किट में वियतनाम के लोगों को आमंत्रित करते हैं और चाहते हैं कि नालंदा विश्व-विद्यालय का लाभ वियतनाम के युवा भी उठाएं।'