पाक का नया पैंतरा, अफगान शांति कायम होने से पहले हमला कर सकता है भारत
जम्मू-कश्मीर के मुद्दे पर लगातार अंतरराष्ट्रीय मंच पर शर्मिंदगी झेल रहे पाकिस्तान ने बुधवार को एक नया पैंतरा खेला। भारत के साथ चल रहे तनाव के बीच पाकिस्तानी सेना ने दावा किया कि अफगानिस्तान में शांति कायम होने से पहले ही नई दिल्ली की तरफ से इस्लामाबाद के खिलाफ युद्ध शुरू किया जा सकता है।
पाकिस्तानी सेना ने जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद-370 के प्रावधानों को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी हमला बोलते हुए इस कदम को अनैतिक कृत्य बताया। पाकिस्तानी सेना के प्रवक्ता मेजर जनरल आसिफ गफूर ने एक प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि हम अफगानिस्तान में चल रही शांति प्रक्रिया में एक भूमिका निभा रहे हैं।
यदि अफगानिस्तान में शांति कायम होती है, तो हम अपने सैनिकों को पश्चिमी सीमा से आसानी से हटा सकते हैं। भारत सोच रहा है कि हमारे अपने सैनिक हटाने से पहले ही उसे कार्रवाई कर देनी चाहिए। सेना की इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) के महानिदेशक मेजर जनरल गफूर ने कहा, शायद भारत हमारे खिलाफ कार्रवाई यह सोचकर करे कि हम कमजोर हैं। लेकिन हम भारत को बताना चाहते हैं कि लड़ाई हथियार और अर्थव्यवस्था से ही नहीं, बल्कि देशभक्ति से भी लड़े जाते हैं।
भारत को युद्ध का विकल्प चुनने से पहले 27 फरवरी को नहीं भूलना चाहिए। गफूर का यह बयान पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान के उस संकल्प के कुछ दिन बाद आया है, जिसमें इमरान ने कहा था कि उनका देश भारत के साथ कभी लड़ाई शुरू नहीं करेगा।
परमाणु हथियारों के पहले इस्तेमाल नहीं करने की नीति नहीं
भारत के साथ तनाव के बीच पाकिस्तानी सेना ने बुधवार को स्पष्ट किया कि परमाणु हथियारों को लेकर वह पहले इस्तेमाल नहीं करने की किसी नीति का पालन नहीं करती। आसिफ गफूर से रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के पिछले महीने उस बयान के बारे में सवाल किया गया था जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत की परमाणु हथियार नीति में बड़ा बदलाव हो सकता है जिसके तहत भविष्य में पहले इस्तेमाल नहीं करने की नीति छोड़ी जा सकती है।
उन्होंने कहा कि हमारे पास पहले इस्तेमाल नहीं करने की कोई नीति नहीं है, हमारे हथियार प्रतिरोध के लिए हैं। जहां तक भारत का सवाल है तो कोई नीति तैयार करना उन पर है। गफूर की यह टिप्पणी पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान की उस टिप्पणी के कुछ दिन बाद आई है जिसमें उन्होंने कहा था कि उनका देश भारत के साथ कभी कोई युद्ध शुरू नहीं करेगा। खान की यह टिप्पणी ऐसे समय आयी थी जब कश्मीर मुद्दे को लेकर दो परमाणु शक्तियों के बीच तनाव बढ़ा हुआ है।
गफूर ने कहा कि पहले हमले के बाद दूसरा हमला हो सकता है। परमाणु देशों के बीच युद्ध की कोई गुंजाइश नहीं होती।