फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   in Gujarat assembly elections BJP disappointed Muslims

गुजरात विधानसभा चुनाव: भाजपा ने मुसलमानों को फिर मायूस किया

Fri, 24 Nov 2017 09:00 PM IST
हिमांशु मिश्रा/नई दिल्ली
हिमांशु मिश्रा/नई दिल्ली Updated Fri, 24 Nov 2017 09:00 PM IST
विज्ञापन
in Gujarat assembly elections BJP disappointed Muslims
बीजेपी - फोटो : FILE PHOTO

वर्ष 2015 के निकाय चुनाव में जबर्दस्त प्रदर्शन के कारण गुजरात में मुस्लिम बिरादरी को इस बार के विधानसभा चुनाव में टिकट मिलने की उम्मीद थी। अल्पसंख्यक बहुल करीब एक दर्जन सीटों पर टिकट का आवेदन भी दिया था, मगर इस चुनाव में भी इस समुदाय को भाजपा से टिकट मिलने की संभावना करीब-करीब खत्म हो गई है।

विज्ञापन


पढ़ें: भाजपा वोट के लिए राम मंदिर मुद्दे को हवा दे रही है: मायावती 
विज्ञापन


दरअसल पार्टी मुस्लिम बहुल इलाकों में ज्यादातर सीटों पर उम्मीदवार घोषित कर चुकी है। अब बची-खुची उम्मीदें शेष 34 सीटों पर हैं, जिन पर अभी उम्मीदवारों की घोषणा नहीं हुई है। सूत्रों के मुताबिक शुरुआती दौर में मुस्लिम बहुल छह सीटों पर उम्मीदवारों के पैनल में इस बिरादरी के नेताओं को शामिल किया गया था। 
विज्ञापन
विज्ञापन


इनमें से भुज, जमापुर, वागरा सहित कुछ अन्य सीटों पर उम्मीदवार घोषित हो चुके हैं। अभी अब्दासा और वेजलपुर की सीटें हैं जहां के पैनल में अल्पसंख्यक बिरादरी के नेता हैं। मगर इन्हें टिकट मिलने की उम्मीद कम ही है। 

पढ़ें: ...लेकिन कार्यकर्ता का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगाः साध्वी निरंजन ज्योति

गौरतलब है कि वर्ष 1980 में पार्टी की स्थापना के बाद से भाजपा ने महज 1998 के विधानसभा चुनाव में इस बिरादरी के एक व्यक्ति को टिकट दिया था। हालांकि संबंधित मुस्लिम प्रत्याशी जीत हासिल नहीं कर पाए थे।

निकाय चुनाव में दमदार प्रदर्शन से बंधी थी आस

in Gujarat assembly elections BJP disappointed Muslims
rahul gandhi

भाजपा ने वर्ष 2010 के निकाय चुनाव में इस बिरादरी के कुछ लोगों पर भरोसा जताया था। तब इस बिरादरी के कई उम्मीदवार चुनाव जीतने में सफल रहे थे। वर्ष 2015 के निकाय चुनाव में इस बिरादरी के 300 से अधिक लोग भाजपा के टिकट पर जीते। जीत के अलावा राज्य सरकार के सद्भाव कार्यक्रम शुरू करने से इस बिरादरी पर मेहरबानी बरसने की उम्मीद जगी थी।

राहुल का नरम हिंदुत्व भी बनी वजह
भाजपा नेतृत्व दो महीने पहले अल्पसंख्यक बिरादरी को टिकट देने के मूड में था। मगर इस बीच कांग्रेस उपाध्यक्ष के नरम हिंदुत्व कार्ड से सियासी परिस्थितियां बदल गईं। पार्टी के रणनीतिकारों को लगा कि अगर वह अल्पसंख्यक बिरादरी के प्रति दरियादिली दिखाती है, तो राहुल की नरम हिंदुत्व की रणनीति को धार मिलेगा। 

यही कारण है कि पार्टी ने अब तक इस बिरादरी को टिकट नहीं दिया है। गौरतलब है कि यूपी विधानसभा चुनाव में हिंदुत्व और विकास के मुद्दे पर चुनाव मैदान में उतरी पार्टी ने पहली बार किसी मुसलमान को उम्मीदवार नहीं बनाया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed