आयुर्वेद के छात्रों को सामान्य सर्जरी की अनुमति देने का आईएमए ने किया विरोध
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) ने आयुर्वेद के छात्रों को सामान्य सर्जरी की अनुमति दिए जाने का आदेश वापस लेने की मांग की है। एसोसिएशन ने मंगलवार को यह मांग उठाते हुए इस कदम को 'खिचड़ीफिकेशन' करार दिया। साथ ही कहा कि यह चिकित्सा शिक्षा और अभ्यास का गलत मिश्रण है।
Indian Medical Association demands withdrawal of notification authorising post-graduate Ayurveda practitioners to be trained to perform general surgical procedures, says move is a "khichadification", or a confused mix, of medical education and practice
— Press Trust of India (@PTI_News) November 24, 2020विज्ञापन
बता दें कि आयुष मंत्रालय की स्वायत्त संस्था सीसीआईएम ने भारतीय चिकित्सा केंद्रीय परिषद (परास्नातक आयुर्वेद शिक्षा) नियमावली, 2016 में संशोधन के जरिए 58 तरह की सर्जरी के लिए परास्नातक आयुर्वेद डॉक्टरों को प्रशिक्षित किए जाने की अधिसूचना 20 नवंबर को जारी की थी। आईएमए ने इस पर आपत्ति जताते हुए आदेश को वापस लेने की मांग की है।