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हैवान पिता: सौतेली बेटी से दुष्कर्म और गर्भवती करने के जुर्म में 40 साल की कैद, कोर्ट ने सुनाया फैसला
Wed, 18 Jan 2023 10:07 AM IST
संजीव कुमार झा
पीटीआई, इडुक्की
पीटीआई, इडुक्की
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Wed, 18 Jan 2023 10:07 AM IST
सार
विशेष लोक अभियोजक (एसपीपी) शिजो मोन जोसेफ ने कहा कि दोषी को अलग-अलग जेल की सजा एक साथ पूरी करनी होगी, दोषी को केवल 10 साल कैद की सजा काटनी होगी।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : फाइल फोटो
विस्तार
केरल की एक अदालत ने 2017 में अपनी तत्कालीन 15 वर्षीय सौतेली बेटी के साथ दुष्कर्म करने और उसे गर्भवती करने के लिए एक व्यक्ति को 40 साल की कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इडुक्की फास्ट ट्रैक कोर्ट के न्यायाधीश टी जी वर्गीस ने मंगलवार को 41 वर्षीय व्यक्ति को भारतीय दंड संहिता और यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण (POCSO) अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों के तहत 40 साल की अलग-अलग जेल की सजा सुनाई। विशेष लोक अभियोजक (एसपीपी) शिजो मोन जोसेफ ने कहा कि अलग-अलग जेल की सजा एक साथ पूरी करनी होगी, दोषी को केवल 10 साल कैद की सजा काटनी होगी।
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बालासोर में दुष्कर्म के दोषी को 20 साल की कैद
ओडिशा के बालासोर जिले की एक अदालत ने एक नाबालिग लड़की से दुष्कर्म के आरोप में 28 वर्षीय एक व्यक्ति को 20 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश, POCSO, रंजन कुमार सुतार ने मंगलवार को दोषी संतोष सिंह पर 14,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया। कमरखली गांव के सिंह को पुलिस ने फरवरी 2020 को पीड़िता की मां द्वारा दायर एक शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया था। उसने आरोप लगाया कि उसकी 14 वर्षीय नाबालिग बेटी का आरोपी ने यौन उत्पीड़न किया, जिससे उसकी स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं पैदा हुईं।
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अतिरिक्त लोक अभियोजक, प्रणब कुमार पांडा ने कहा कि आरोपी संतोष सिंह पर आईपीसी और पॉक्सो अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा चलाया गया और पॉक्सो अधिनियम के तहत दोषी ठहराया गया। दोषी को 20 साल के कठोर कारावास और 14,000 रुपये के जुर्माने का भुगतान करना होगा। अदालत ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से पीड़िता को मुआवजे के रूप में 4 लाख रुपये की राशि देने का भी आदेश दिया।
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