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MLAs poaching Case: भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव बीएल संतोष को राहत, SIT के नोटिस पर हाईकोर्ट ने लगाई रोक
Fri, 25 Nov 2022 08:51 PM IST
अभिषेक दीक्षित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
Published by: अभिषेक दीक्षित
Updated Fri, 25 Nov 2022 08:51 PM IST
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बीएल संतोष
- फोटो : PTI (File Photo)
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तेलंगाना की हाईकोर्ट ने भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव बीएल संतोष को बड़ी राहत दी है। कोर्ट ने कथित विधायकों की खरीद-फरोख्त के मामले में एसआईटी पुलिस की ओर से बीएल संतोष को जारी नोटिस पर पांच दिसंबर तक रोक लगा दी है।
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इससे पहले तेलंगाना में टीआरएस विधायकों के कथित खरीद-फरोख्त मामले की जांच कर रही तेलंगाना पुलिस ने भाजपा के शीर्ष नेता व पार्टी महासचिव बीएल संतोष को समन भेजा था। एसआईटी ने उन्हें 21 नवंबर को पूछताछ के लिए पेश होने के लिए कहा था।
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समन जारी होने के बाद भाजपा नेता बीएल संतोष भी अंतरिम जमानत के लिए हाईकोर्ट में याचिका दायर कर दी थी। इस पर हाईकोर्ट की एक सदस्यीय बेंच ने याचिका पर सुनवाई करते हुए आदेश दिया था कि एसआईटी को भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) बी.एल. सतोष की गिरफ्तारी या कठोर कार्रवाई नहीं करनी चाहिए।
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क्या है पूरा मामला
टीआरएस के विधायकों में से एक पी रोहित रेड्डी की शिकायत के आधार पर 26 अक्टूबर की रात में रामचंद्र भारती उर्फ सतीश शर्मा, नंद कुमार और सिम्हाजी स्वामी के खिलाफ संबंधित धाराओं- आपराधिक साजिश, रिश्वत की पेशकश और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 के प्रावधानों के तहत मामले दर्ज किए गए थे।
प्रथमिकी के मुताबिक, रोहित रेड्डी ने आरोप लगाया कि आरोपी ने उन्हें 100 करोड़ रुपये की पेशकश की। इसके बदले में उसने शर्त रखी थी कि उन्हें टीआरएस छोड़कर भाजपा में शामिल होना पड़ेगा।