{"_id":"6376c338bdaade6fc078be46","slug":"hearing-on-central-government-vs-delhi-dispute-now-on-eight-december","type":"story","status":"publish","title_hn":"Supreme Court: केंद्र बनाम दिल्ली विवाद पर अब आठ दिसंबर को सुनवाई, पहले 24 नवंबर को होनी थी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Supreme Court: केंद्र बनाम दिल्ली विवाद पर अब आठ दिसंबर को सुनवाई, पहले 24 नवंबर को होनी थी
Fri, 18 Nov 2022 04:56 AM IST
Jeet Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Fri, 18 Nov 2022 04:56 AM IST
सार
सुनवाई सीजेआई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ के समक्ष होनी है। यह संविधान पीठ पूरी तरह से कागज रहित होगी।
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सुप्रीम कोर्ट
- फोटो : Social Media
विस्तार
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली में प्रशासनिक सेवाओं के नियंत्रण के संबंध में दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार के बीच विवाद पर सुप्रीम कोर्ट में अब सुनवाई 8 दिसंबर को होगी। पहले इस मामले में 24 नवंबर को सुनवाई होनी थी। केंद्र सरकार की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने बृहस्पतिवार को मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पीठ के समक्ष 24 नवंबर से होने वाली सुनवाई को टालने का आग्रह किया।
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कहा कि वह एक अन्य संविधान पीठ के समक्ष चल रहे एक मामले में व्यस्त हैं। वहीं दिल्ली सरकार के वकील ने सॉलिसिटर जनरल के इस आग्रह का विरोध किया। उन्होंने कहा कि कई बार पहले भी केंद्र सरकार सुनवाई को स्थगित कर चुकी है।
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हालांकि सीजेआई ने परेशानी को समझते हुए मेहता के आग्रह को स्वीकार कर लिया और मामले की सुनवाई की तारीख आठ दिसंबर के लिए टाल दी। इस मामले की सुनवाई सीजेआई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ के समक्ष होनी है। यह संविधान पीठ पूरी तरह से कागज रहित होगी। इसे हरित पीठ कहा जाएगा क्योंकि कार्यवाही के दौरान किसी भी कागजात का उपयोग नहीं किया जाएगा। अदालत ने छह मई को इस मामले को पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ के पास भेजा था।
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दिल्ली सरकार का मामला यह है कि दिल्ली की चुनी हुई सरकार को केंद्र सरकार ने महत्वपूर्ण नौकरशाहों और अधिकारियों पर किसी भी तरह के प्रशासनिक नियंत्रण से बाहर रखा है और अधिकारी केंद्र सरकार के आदेश पर उपराज्यपाल (एलजी) के माध्यम से कार्य करना जारी रखे हुए हैं।