फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Health Ministry updates advisory on covid 19 testing introduces on demand testing without prescription

अब डॉक्टर की सलाह की जरूरत नहीं, ऑन-डिमांड हो सकेगी कोरोना की जांच

Sat, 05 Sep 2020 01:03 PM IST
Sneha Baluni न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Sneha Baluni Updated Sat, 05 Sep 2020 01:03 PM IST
विज्ञापन
Health Ministry updates advisory on covid 19 testing introduces on demand testing without prescription
कोरोना वायरस (फाइल फोटो) - फोटो : PTI

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कोविड-19 परीक्षण को लेकर शनिवार को अपने दिशा-निर्देश में बदलाव किया है। अब पर्चे के बिना ऑन-डिमांड परीक्षण किया जा सकेगा। ऐसे व्यक्ति जो परीक्षण करवाना चाहते हैं या जो यात्रा कर रहे हैं वे ‘ऑन-डिमांड’ परीक्षण करवा सकते हैं। हालांकि, राज्यों को अपने विवेकाधिकार के आधार पर इसमें संशोधन करने की अनुमति भी दी गई है।

विज्ञापन

 

आईसीएमआर ने देशों या भारतीय राज्यों में प्रवेश के दौरान कोविड-19 निगेटिव रिपोर्ट होना अनिवार्य किए जाने के मद्देनजर सभी व्यक्तियों को मांग के आधार पर जांच कराने का सुझाव दिया है।



आईसीएमआर ने शुक्रवार को भारत में कोविड-19 जांच रणनीति परामर्श (चौथा संस्करण) जारी किया। इसमें कहा गया है कि राज्य मांग के अनुरूप जांच और नियम कायदों में बदलाव कर सकते हैं। इसमें यह भी सलाह दी गई है कि निषिद्ध क्षेत्र में रह रहे 100 प्रतिशत लोगों की रैपिड एंटीजन जांच की जानी चाहिए, खासतौर पर उन शहरों में जहां बड़े पैमाने पर संक्रमण फैला है।


आईसीएमआर ने जोर दिया कि जांच नहीं होने के आधार पर आपात सेवा में देरी और गर्भवती महिला को जांच की सुविधा नहीं होने के आधार पर रेफर नहीं किया जाना चाहिए।

परामर्श में कोविड-19 जांच की मौजूदा सिफारिशों का विस्तार किया गया है और चार भागों - निषिद्ध क्षेत्र में नियमित निगरानी, प्रवेश बिंदुपर जांच, गैर निषिद्ध क्षेत्र में नियमित निगरानी, अस्पतालों की स्थापना और मांग पर जांच- में बांटा गया है और प्राथमिकता के आधार पर जांच के प्रकार (आरटी-पीसीआर, ट्रूनेट या सीबनैट और रैपिड एंटीजन जांच) को सूचीबद्ध करने को कहा गया है।

आईसीएमआर ने कहा कि आरटी-पीसीआर/ट्रूनेट/सीबीनैट की एक ही जांच संक्रमण की पुष्टि के लिए होनी चाहिए, कोविड-19 मरीज देखभाल केंद्र और अस्पताल से छुट्टी दिए जाने बाद दोबारा जांच की जरूरत नहीं है।

आईसीएमआर के मुताबिक रैपिड एंटीजन जांच की रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद लक्षण सामने आते हैं तो दोबारा रैपिड एंटीजन जांच या आरटी-पीसीआर जांच की जानी चाहिए। वहीं आईसीएमआर ने रविवार को नए दिशानिर्देश जारी किए हैं। जिसके अनुसार देशों/ भारतीय राज्यों की यात्रा करने वाले जिन व्यक्तियों के लिए प्रवेश बिंदुओं पर कोविड-19 निगेटिव रिपोर्ट अनिवार्य है उनका मांग के आधार पर परीक्षण किया जा सकता है। साथ ही जो व्यक्ति अपना परीक्षण करवाना चाहता हैं, वे करवा सकते हैं। इसके तौर-तरीके राज्य सरकारें तय करेंगी।
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed