फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   HC orders Centre, Jharkhand govt to file immediate response on conversion of tribals

Jharkhand: 'आदिवासियों के धर्मांतरण पर तत्काल दाखिल करें जवाब', हाईकोर्ट का केंद्र और झारखंड सरकार को आदेश

Fri, 30 Aug 2024 10:30 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची Published by: निर्मल कांत Updated Fri, 30 Aug 2024 10:30 PM IST
सार

Jharkhand: झारखंड उच्च न्यायालय ने केंद्र और राज्य सरकार को आदिवासियों के धर्मांतरण पर तुरंत जवाब देने का आदेश दिया। अदालत को बताया गया कि दूरदराज इलाकों में आदिवासियों को अन्य धर्मों की ओर आकर्षित करने के लिए 'चंगाई सभाएं' आयोजित की जा रही हैं। 

विज्ञापन
HC orders Centre, Jharkhand govt to file immediate response on conversion of tribals
झारखंड हाईकोर्ट - फोटो : ANI

विस्तार

झारखंड उच्च न्यायालय ने शुक्रवार को केंद्र और राज्य सरकार को आदिवासियों के धर्मांतरण पर तत्काल जवाब दाखिल करने का आदेश दिया। अदालत ने कहा कि राज्य में आदिवासी धर्म बदल रहे हैं, जिससे उनकी संख्या लगातार घट रही है। 

विज्ञापन


मुख्य न्यायाधीश सुजीत नारायण प्रसाद और न्यायमूर्ति अरुण कुमार राय की खंडपीठ इस मामले पर एक जनहित याचिका (पीआईएल) पर सुनवाई कर रही थी। यह पीआईएल सोमा औरॉन की ओर से दायर की गई थी। सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि राज्य के दूरदराज इलाकों में आदिवासियों को अन्य धर्मों को अपनाने के लिए बहलाया और लुभाया जा रहा है। 
विज्ञापन


अदालत को बताया गया कि झारखंड में कई 'चंगाई सभाएं' आयोजित की जा रही हैं, जो आदिवासियों को गुमराह कर रही हैं और उन्हें अलग-अलग धर्मों की ओर आकर्षित कर रही हैं। इसके साथ ही अदालत को बताया गया कि राज्य और केंद्र सरकार ने इस मुद्दे पर अब तक कोई जवाब नहीं दिया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन




अदालत ने मौखिक टिप्पणी में कहा कि राज्य और केंद्र सरकार इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर कार्रवाई नहीं कर रही हैं, जो आदिवासी समुदाय के अस्तित्व से जुड़ा है। सरकारी वकील ने उच्च न्यायालय को बताया कि आदिवासियों के धर्मांतरण के संबंध में राज्य के विभिन्न जिलों में आंकड़ों को एकत्र किया जा रहा है।अदालत ने केंद्र और राज्य सरकार को उनके हलफनामे दाखिल करने का आदेश दिया और इस मामले की अगली सुनवाई पांच सितंबर को होगी। 

याचिकाकर्ता के वकील रोहित रंजन सिन्हा ने खंडपीठ को बताया कि इसी तरह की एक जनहित याचिका सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई है। 

सुनवाई के दौरान उच्च न्यायालय ने इस पर भी गौर किया कि डेनियल डेनिश की ओर से दायर एक अन्य जनहित याचिका में भी आदिवासियों के धर्मांतरण का मुद्दा उठाया गया है। याचिका में झारखंड के संथाल परगना जिल के जरिए बांग्लादेशी शरणार्थियों की अवैध घुसपैठ का मुद्दा भी उठाया गया है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed