फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   gujarat election 2017 rahul gandhi deletes tweet after mathematical faux

BJP पर तंज कसते हुए 'गणित' में गलती कर बैठे राहुल, डिलीट करना पड़ा यह ट्वीट

Tue, 05 Dec 2017 12:49 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला
टीम डिजिटल/अमर उजाला Updated Tue, 05 Dec 2017 12:49 PM IST
विज्ञापन
gujarat election 2017 rahul gandhi deletes tweet after mathematical faux
राहुल गांधी

भारतीय जनता पार्टी और मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए राहुल गांधी ने जो ट्वीट किया उसमें वह कई गलतियां कर बैठे थे जिसकी वजह से उन्हें ट्वीट डिलीट करना पड़ा। दरअसल, राहुल ने लिखा था कि जुमलों की बेवफाई मार गई,नोटबंदी की लुटाई मार गई, GST सारी कमाई मार गई, बाकी कुछ बचा तो- महंगाई मार गई, बढ़ते दामों से जीना दुश्वार, बस अमीरों की होगी भाजपा सरकार? इसके साथ राहुल ने कुछ आंकड़े दिखाते हुए एक फोटो भी पोस्ट की थी। उस तस्वीर में ही गलतियां थी।

विज्ञापन


सर्वे- गुजरात में BJP को कांग्रेस देगी कड़ी टक्कर, जानिए किसको मिल सकती हैं कितनी सीटें
विज्ञापन


क्या थी गलती: फोटो में गैस सिलेंडर का जिक्र करते हुए लिखा था कि 2014 यानी मनमोहन सरकार के वक्त गैस सिलेंडर 414 रुपए का था जो 2017 में 742 रुपए का हो गया। यहां लिखा जाना था कि 79 प्रतिशत कीमत बढ़ी लेकिन इसकी जगह लिखा गया कि कीमत 179 प्रतिशत बढ़ी।
विज्ञापन
विज्ञापन


इतना ही नहीं आगे लिखा था कि दालों के रेट 177 प्रतिशत बढ़े (यहां 77 प्रतिशत लिखा जाना था), वहीं टमाटर के रेट 185 की वजह 285 प्रतिशत रेट बढ़ते बताए गए। फोटो में कई और ऐसी ही गलतियां भी थीं।

राहुल ने यह ट्वीट किया था

इससे पहले पूछ चुके हैं छह सवाल

gujarat election 2017 rahul gandhi deletes tweet after mathematical faux
राहुल गांधी
अपने छठे सवाल में राहुल ने बेरोजगारी का जिक्र करते हुए लिखा था कि भाजपा की दोहरी मार, एक तरफ युवा बेरोजगार, दूसरी तरफ लाखों फिक्स पगार और कॉन्ट्रेक्ट कर्मचारी बेजार, 7वें वेतन आयोग में ₹18000 मासिक होने के बावजूद फिक्स और कॉन्ट्रेक्ट पगार ₹5500 और ₹10000 क्यों?

 तीसरे सवाल में राहुल ने लिखा था कि 2002-16 के बीच ₹62,549 Cr की बिजली खरीद कर 4 निजी कंपनियों की जेब क्यों भरी? सरकारी बिजली कारखानों की क्षमता 62% घटाई पर निजी कंपनी से ₹3/ यूनिट की बिजली ₹24 तक क्यों खरीदी? जनता की कमाई, क्यों लुटाई?

राहुल ने अपने दूसरे सवाल में लिखा था कि 1995 में गुजरात पर कर्ज-9,183 करोड़, 2017 में गुजरात पर कर्ज-2,41,000 करोड़,  यानी हर गुजराती पर ₹37,000 कर्ज। आपके वित्तीय कुप्रबन्धन व पब्लिसिटी की सजा गुजरात की जनता क्यों चुकाए?

अपने पहले सवाल में राहुल ने लिखा था कि 2012 में वादा किया कि 50 लाख नए घर देंगे, 5 साल में बनाए 4.72 लाख घर। प्रधानमंत्रीजी बताइए कि क्या ये वादा पूरा होने में 45 साल और लगेंगे?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed