{"_id":"6155beb68ebc3eb5dd2ea0ca","slug":"government-hikes-price-of-natural-gas-by-62-percent-news-in-hindi","type":"story","status":"publish","title_hn":"केंद्र का फैसला: प्राकृतिक गैस की कीमत में 62 फीसदी का इजाफा, आम आदमी को एक और झटका","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
केंद्र का फैसला: प्राकृतिक गैस की कीमत में 62 फीसदी का इजाफा, आम आदमी को एक और झटका
Thu, 30 Sep 2021 07:59 PM IST
गौरव पाण्डेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Thu, 30 Sep 2021 07:59 PM IST
सार
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में बढ़ोत्तरी होने के बाद केंद्र सरकार ने गुरुवार को प्राकृतिक गैस की कीमतों में 62 फीसदी का इजाफा करने का फैसला किया है।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : pixabay
विस्तार
केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए प्राकृतिक गैस की कीमत में 62 फीसदी का इजाफा किया है। गुरुवार को जारी एक आधिकारिक आदेश में इसकी जानकारी दी गई। जानकारी के अनुसार केंद्र ने यह कदम अंतरराष्ट्रीय बाजार में प्राकृतिक गैस के दाम बढ़ने के बाद उठाया है। बता दें कि प्राकृतिक गैस से उर्वरक का निर्माण होता है, पावर प्लांट संचालित किए जाए हैं और इसे सीएनजी में भी बदला जाता है। इस फैसले के बाद सीएनजी, पीएनजी और उर्वरकों की कीमत में भी तेजी आने के आसार हैं।
विज्ञापन
प्राकृतिक गैस की कीमतों में अप्रैल 2019 के बाद यह पहली बढ़ोतरी की गई है। ऐसा बेंचमार्क अंतरराष्ट्रीय कीमतों में मजबूती के कारण हुआ है, लेकिन यह बढ़त पिछले कुछ सप्ताह के दौरान देखी गई तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) की हाजिर या मौजूदा कीमत में तेजी को नहीं दर्शाती है। समाचार एजेंसी की एक रिपोर्ट के अनुसार सूत्रों ने कहा कि इसकी कीमतों में वृद्धि से दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों में सीएनजी और पीएनजी (रसोई गैस) की दरों में 10-11 फीसदी की वृद्धि होने की संभावना है।
विज्ञापन
इससे बिजली उत्पादन की लागत में भी वृद्धि होगी। लेकिन, उपभोक्ताओं पर इसका कोई खास असर नहीं पड़ेगा क्योंकि प्राकृतिक गैस से बनाई जाने वाली बिजली का हिस्सा बहुत कम है। इसी तरह, उर्वरक उत्पादन की लागत भी बढ़ जाएगी, लेकिन जिस तरह सरकार फसल के पोषक तत्वों को लेकर सब्सिडी प्रदान करती है, उसे देखते हुए उर्वरकों की कीमतों में इजाफा होने की संभावना नहीं है। बता दें कि प्राकृतिक गैस का दाम हर छह महीने पर (एक अप्रैल और एक अक्तूबर) तय किया जाता है।
विज्ञापन
तेल मंत्रालय के पेट्रोलियम योजना और विश्लेषण प्रकोष्ठ (पीपीएसी) ने कहा कि राज्य के स्वामित्व वाली तेल और प्राकृतिक गैस निगम (ओएनजीसी) और ऑयल इंडिया लिमिटेड (ओआईएल) को दिए गए क्षेत्रों से उत्पादित गैस के लिए भुगतान की दर एक अप्रैल से शुरू छह महीने की अवधि के लिए 2.90 डॉलर प्रति मिलियन ब्रिटिश थर्मल यूनिट होगी।