{"_id":"5d228d118ebc3e6cfc5d7017","slug":"good-news-a-six-coach-transparent-toy-train-will-run-on-kalka-shimla-route","type":"story","status":"publish","title_hn":"खुशखबर: स्विट्जरलैंड की तर्ज पर कालका-शिमला रूट पर चलेगी छह कोच वाली पारदर्शी टॉय ट्रेन","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
खुशखबर: स्विट्जरलैंड की तर्ज पर कालका-शिमला रूट पर चलेगी छह कोच वाली पारदर्शी टॉय ट्रेन
Mon, 08 Jul 2019 06:54 AM IST
Nilesh Kumar
नवनीत शरण, नई दिल्ली
नवनीत शरण, नई दिल्ली
Published by: Nilesh Kumar
Updated Mon, 08 Jul 2019 06:54 AM IST
सार
- एक दर्जन विस्ताडोम कोच सितंबर के पहले तक ट्रैक पर उतरेंगी
- छह-छह कोच वाली दो पारदर्शी ट्रेन चलाने की भी है योजना
- शिवालिक शृंखलाओं के प्राकृतिक सौंदर्य का ले पाएंगे आनंद
विज्ञापन
Toy train Shimla(File Photo)
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
शिमला की हसीन वादियों में अब पूरी की पूरी ट्रेन ही पारदर्शी चलेंगी। रेलवे छह कोच वाली दो विस्टाडोम ट्रेन का निर्माण कर रहा है। इसी साल सितंबर महीने के पहले ही पूरे तरीके से पारदर्शी कोच तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है।
विज्ञापन
जी हां! शिमला के प्राकृर्तिक सौदर्य का मजा लेने के लिए अब आपकों पारदर्शी कोच में यात्रा करने के लिए लंबे दिनों का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। कालका-शिमला नैरो गेज ट्रैक पर स्विट्जरलैंड की तर्ज पर चल रही एक विस्टाडोम कोच की मांग को देखते हुए इस तरह के 12 कोच तैयार किए जा रहे हैं।
विज्ञापन
शिवालिक शृंखलाओं के प्राकृतिक सौंदर्य का मजा पारदर्शी शीशे की बड़ी-बड़ी खिड़कियों और शीशे की छत वाली विस्टाडोम कोच में बैठकर ले सकेंगे। खास बात यह है कि यह कोच वातानुकूलित तो होंगे ही साथ ही इसमें शौचालय की भी व्यवस्था होगी।
विज्ञापन
उत्तर रेलवे के प्रिंसिपल चीफ इंजीनियर अरुण अरोड़ा ने बताया कि रेल मंत्री पीयूष गोयल ने पिछले साल शिमला दौरे के दौरान पर्यटकों की सुविधा के लिए कई बड़े सुझाव दिए थे। इनमें ज्यादा से ज्यादा संख्या में विस्ताडोम कोच के संचालन का भी था।
उन्होंने बताया कि कालका-शिमला रूट पर छह कोच वाली टॉय ट्रेन चलती है। रेलवे 12 कोच को अपग्रेड कर विस्ताडोम कोच के रूप में तब्दील कर रहा है। जरूरत हुई तो इस ट्रैक पर दो विस्ताडोम ट्रेन चलाई जा सकती है। यात्रियों की मांग को देखते हुए सितंबर के पहले 12 कोच इस रूट पर चलने लगेंगी।
विस्टाडोम कोच वातानुकूलित है। इसकी खिड़कियां मोटे पारदर्शी शीशे की हैं जो सामान्य से कहीं ज्यादा बड़ी हैं। कोच की छत भी शीशे की होगी। कोच का इंटीरियर भी खास तौर पर डिजाइन किया जा रहा है। कोच के दरवाजे और खिड़कियों में कठोर शीशे का इस्तेमाल किया गया है। खिड़कियों की मजबूती के लिए स्टील रेलिंग लगाई जाएंगी। एलईडी लाइट से लैस किया जा रहा है।