फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   GMMC mentions before the Supreme Court its application for correction of apex court Monday order

Gyanvapi Case: मस्जिद प्रबंधन समिति ने SC से पिछले आदेश में सुधार की मांग की, ज्ञानवापी समिति की याचिका बहाल

Wed, 26 Jul 2023 11:17 AM IST
देव कश्यप एएनआई, नई दिल्ली।
एएनआई, नई दिल्ली। Published by: देव कश्यप Updated Wed, 26 Jul 2023 11:17 AM IST
सार

मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली पीठ ने मस्जिद समिति की ओर से पेश वरिष्ठ वकील हुजेफा अहमदी से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता को सूचित करने को कहा ताकि वह पीठ के सामने पेश हो सकें।

विज्ञापन
GMMC mentions before the Supreme Court its application for correction of apex court Monday order
सुप्रीम कोर्ट। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

ज्ञानवापी मस्जिद प्रबंधन समिति (GMMC) ने सुप्रीम कोर्ट के समक्ष अपने आवेदन का उल्लेख करते हुए शीर्ष अदालत के सोमवार के आदेश में सुधार की मांग की। जिसमें मस्जिद के अंदर पूजा के अधिकार की मांग करने वाले हिंदु पक्ष की मांग पर सवाल उठाने वाली समिति की अपील को निस्तारित कर दिया गया था।

विज्ञापन


मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली पीठ ने मस्जिद समिति की ओर से पेश वरिष्ठ वकील हुजेफा अहमदी से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता को सूचित करने को कहा ताकि वह पीठ के सामने पेश हो सकें।
विज्ञापन


उच्चतम न्यायालय ने ज्ञानवापी समिति की याचिका बहाल की
उच्चतम न्यायालय ने ज्ञानवापी समिति की उस याचिका को बुधवार को बहाल कर दिया, जिसका उसने मस्जिद परिसर में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के काम पर रोक लगाते समय 24 जुलाई को अनजाने में निपटारा कर दिया था। एएसआई यह पता लगाने के लिए सर्वेक्षण कर रहा था कि क्या मस्जिद का निर्माण वहां पहले मौजूद किसी मंदिर पर किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़, न्यायमूर्ति जेबी पारदीवाला और न्यायमूर्ति मनोज मिश्रा की पीठ ने ज्ञानवापी मस्जिद की अंजुमन इंतेजामिया प्रबंधन समिति की ओर से पेश वरिष्ठ वकील हुफेजा अहमदी के इन अभ्यावेदनों का संज्ञान लिया कि न्यायालय ने सुनवाई की आखिरी तारीख को एएसआई के काम पर रोक लगाने का अनुरोध करने वाली उसकी अंतरिम याचिका के बजाय मुख्य याचिका का निपटारा कर दिया था।

उत्तर प्रदेश सरकार और एएसआई की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि उन्हें मस्जिद समिति की विशेष अनुमति याचिका को बहाल किए जाने पर कोई आपत्ति नहीं है।

मस्जिद समिति ने मुख्य याचिका में वाराणसी जिला अदालत में हिंदू पक्ष के मुकदमे को बिना विधिवत मुहर एवं अधिकृत हस्ताक्षर वाले कागज पर दाखिल करने के लिए नागरिक प्रक्रिया संहिता के नियम आठ 11 (सी) के तहत खारिज करने का अनुरोध किया है। वाराणसी की एक अदालत ने शुक्रवार को एएसआई को यह निर्धारित करने के लिए जहां भी आवश्यक हो, खुदाई सहित सर्वेक्षण करने का निर्देश दिया था कि क्या मस्जिद उस स्थान पर बनाई गई थी जहां पहले एक मंदिर मौजूद था। अब इलाहाबाद हाईकोर्ट इस मुद्दे पर मस्जिद पैनल की याचिका पर सुनवाई कर रहा है।

 


ASI सर्वे पर इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई
वहीं, वाराणसी जिला न्यायालय के द्वारा काशी विश्वनाथ ज्ञानवापी परिसर के सर्वे के खिलाफ हाईकोर्ट में दाखिल याचिका पर सुनवाई चल रही है। अंजुमन इंतजामिया मसाजिद ने जिला जज वाराणसी द्वारा वैज्ञानिक सर्वे की अनुमति देने वाले आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। मुस्लिम पक्ष के वकील नकवी बहस कर रहे हैं। मुस्लिम पक्ष के वकील और राज्य सरकार के महाधिवक्ता भी कोर्ट में मौजूद हैं। वैज्ञानिक सर्वे पर सुप्रीम कोर्ट ने आज शाम पांच बजे तक रोक लगाई है। वरिष्ठ अधिवक्ता नकवी ने तर्क दिया कि याची के दावों को साबित करने के लिए निचली अदालत साक्ष्य संकलन का आदेश नहीं दे सकती है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed