फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Gawliwada community who faces water scarcity problem

ये है गवलीवाडा समुदाय, जिसे इस बड़ी समस्या के कारण छोड़ना पड़ रहा है अपना घर

Wed, 21 Nov 2018 08:46 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नासिक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नासिक Updated Wed, 21 Nov 2018 08:46 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Gawliwada community who faces water scarcity problem
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : pexels.com

महाराष्ट्र के नासिक के नंदगांव तालुका में स्थित नेदोंगरी गांव में सबसे बड़ी समस्या है पानी की कमी की। जो गर्मियों में और भी विकट हो जाती है। यहां गवलीवाडा समुदाय रहता है। जो भैंस चराने वाला समुदाय है। यह समुदाय बीते पांच दशक से प्रवास की समस्या से जूझ रहा है। यहां करीब 1800 से 2,000 भैंस पाली जाती हैं। 


loader

अभी गर्मी आने में करीब 4 महीने बाकी हैं लेकिन पानी की कमी से लोगों को पहले ही जूझना पड़ रहा है। यहां के निवासी शंकर उमाजी नामदे (60) अपने जानवरों के लिए इस जगह से करीब 100 किमी की दूरी पर जमीन किराए पर लेने की बात कर रहे हैं। गांव के लोग पानी की समस्या के कारण अपने परिवारों से दूर जा रहे हैं। उन्हें अपने बच्चों और पत्नी को घर पर ही छोड़ना पड़ रहा है ताकि उनके बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो।   

नामदे का कहना है, "परिवार विभाजित हो रहे हैं, और भी कई तरह की समस्याएं बढ़ रही हैं, यह बताने की जरूरत नहीं है कि यह बेहद नुकसान वाला साल है।"  यहां के लोग अपने मेहमानों का आदर सत्कार अधिकतर दूध से करते हैं क्योंकि यहां पानी की बेहद कमी है। गांव वालों का कहना है कि अभी से ही पानी की कमी है, मार्च-अप्रैल में क्या होगा?

अब गांव के सरपंच और ग्राम पंचायत लोगों को वापस गांव में रहने के लिए कह रहे हैं। लेकिन जानवरों को लिए रोजाना 50 हजार लीटर पानी की व्यवस्था करना भी असंभव ही है। इस बार महाराष्ट्र में बारिश 30 फीसदी तक कम हुई है। 

सूखा प्रभावित है आधा राज्य

24 अक्तूबर को राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी इस बात को माना था कि आधा राज्य सूखे से प्रभावित है। इनमें से सबसे ज्यादा खराब हालात मराठवाड़ा और नासिक के जिलों के हैं। सभी सूखा प्रभावित जिलों में रबी की फसलों को भी काफी नुकसान हुआ है। ऐसे समुदाय जो पारंपरिक रूप से विस्थापित नहीं होते हैं, वह भी काम की तलाश में विस्थापित हो रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Next Article

Followed