फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Gadkari says Khadi Gramodyog will soon make honey cube you can use instead of sugar

जल्द ही शहद के क्यूब बनाएगा खादी ग्रामोद्योग, चीनी की जगह कर सकते हैं प्रयोग: गडकरी

Thu, 28 Nov 2019 03:07 PM IST
अनवर अंसारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अनवर अंसारी Updated Thu, 28 Nov 2019 03:07 PM IST
विज्ञापन
Gadkari says Khadi Gramodyog will soon make honey cube you can use instead of sugar
Nitin Gadkari

देश के ग्रामीण क्षेत्र में गरीबी और बेरोजगारी बड़े स्तर पर होने की बात स्वीकार करते हुए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने गुरूवार को कहा कि सरकार ग्रामीण उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए अनेक प्रयास कर रही है और ऐसे ही अनेक प्रयासों के तहत अगले कुछ महीने में खादी ग्रामोद्योग आयोग शहद के क्यूब लांच करने जा रहा है जिन्हें चीनी की जगह पर इस्तेमाल किया जा सकेगा।

विज्ञापन


केंद्रीय सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योग (एमएसएमई) मंत्री नितिन गडकरी ने लोकसभा में बताया कि सरकार शहद के क्लस्टर बना रही है और उच्च गुणवत्ता के शहद से चीनी की तरह ही क्यूब बनाने की दिशा में काम हो रहा है।
विज्ञापन


उन्होंने सुनील कुमार पिंटू के पूरक प्रश्न के उत्तर में कहा कि खादी ग्रामोद्योग आगामी कुछ महीने में शहद के क्यूब की बिक्री शुरू करेगा। गडकरी ने कहा कि अगले छह महीने के अंदर लोग चीनी के क्यूब की जगह शहद के क्यूब डालकर चाय पी सकेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने बताया कि एमएसएमई मंत्रालय ‘भारत क्राफ्ट’ नाम से नया ई-कॉमर्स पोर्टल शुरू करने जा रहा है और इसे भारतीय स्टेट बैंक के साथ मिलकर चलाने की योजना है।

गडकरी ने बताया कि इस पोर्टल पर एमएसएमई के सभी उत्पाद बिक्री के लिए उपलब्ध होंगे और न्यूयॉर्क में बैठकर कश्मीर का शॉल खरीदा जा सकता है। उन्होंने कहा कि इसके अलावा नए विचारों और नवोन्मेष के लिए एक वेबसाइट भी शुरू होने वाली है।

गडकरी ने कहा कि एमएसएमई उद्योग से इस साल 85 हजार करोड़ रुपये के व्यापार की संभावना है तथा आगामी पांच साल में देश के विकास में एमएसएमई का योगदान 50 प्रतिशत ले जाने का लक्ष्य रखा गया है जो अभी लगभग 29 प्रतिशत है।


उन्होंने कहा कि सरकार का पूरा ध्यान केवल शहरों पर नहीं, बल्कि ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों पर विशेष ध्यान है। कुछ वर्ष में देश में ग्रामीण अर्थव्यवस्था में इतनी मजबूती आएगी कि लोग शहरों से गांवों की ओर लौटेंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed