Assam: जेएमबी के पूर्व सदस्य असम में AQIS के लिए कर रहे काम, सरमा ने कहा- हम जिहादियों के खात्मे के लिए दृढ़
असम में आतंकी मॉड्यूल के खिलाफ कार्रवाई जारी है। सोमवार को पुलिस ने चार और संदिग्ध आतंकवादियों को गिरफ्तार किया है। इन चारों की गिरफ्तारी नलबाड़ी और तामुरपुर जिले से हुई है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
असम पुलिस ने एक बार फिर एक्यूआईएस और अंसारुल्लाह बांग्ला टीम के खिलाफ कार्रवाई की है। सोमवार को राज्य के नलबाड़ी और तामुरपुर जिले में पुलिस ने एक्यूआईएस और अंसारुल्लाह बांग्ला टीम से जुड़े चार लोगों को गिरफ्तार किया गया था। इसके अलावा कुछ अन्य लोग भी अभी पुलिस की रडार पर हैं। इस गिरफ्तारी के बाद मंगलवार को असम पुलिस ने अहम जानकारी दी है। पुलिस ने कहा कि जमात-उल-मुजाहिदीन बांग्लादेश (जेएमबी) और नियो जेएमबी के पूर्व सदस्य अब राज्य में अपना नेटवर्क स्थापित करने के लिए एक्यूआईएस के लिए काम कर रहे हैं।
असम पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गिरफ्तार किए गए चार लोगों में से, सादिक अली पहले जेएमबी और नियो जेएमबी से जुड़ा था। वह पिछले दो साल से एक्यूआईएस के लिए काम कर रहा था। उसके अलावा एक अन्य गिरफ्तार जाकिबुल अली अन्य लोगों को कट्टरपंथी बनाने के लिए काम कर रहा था। पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपियों ने इस साल नलबाड़ी, बारपेटा जिलों और बोडोलैंड प्रादेशिक क्षेत्र (बीटीआर) के कुछ हिस्सों में कई बैठकें कीं और कई युवाओं को बांग्लादेश स्थित आतंकवादी संगठन में शामिल होने के लिए प्रेरित भी किया है। सादिक अली को तामूलपुर थाने के डोंगर गांव अंचलिक मदरसा से गिरफ्तार किया गया।
कुछ और लोग पुलिस की रडार पर
गिरफ्तार किए गए अन्य दो आरोपियों की पहचान 26 वर्षीय मोहम्मद हाबेल अली और 26 वर्षीय अबू रेहान के रूप में हुई है, दोनों नलबाड़ी जिले के घोगरापार इलाके के रहने वाले हैं। नलबाड़ी के पुलिस अधीक्षक पबिन्द्र कुमार ने बताया कि दोनों को आज अदालत के समक्ष पेश किया गया था। पूछताछ के दौरान, मोहम्मद हाबेल अली ने कबूल किया कि उसने कुछ लोगों को एक्यूआईएस और एबीटी में शामिल होने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि हमारी जांच जारी है और कुछ अन्य लोग फिलहाल पुलिस के रडार पर हैं।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने ट्वीट कर इसके लिए पुलिस की ताऱीफ भी की थी। उन्होंने कहा कि सरकार राज्य से जिहादी तत्वों को खत्म करने के लिए दृढ़ है।
कई लोगों की हो चुकी है गिरफ्तारी
असम में आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ होने के बाद से यहां आतंकियों की गिरफ्तारी का सिलसिला जारी है। बीते कुछ दिनों में कई आतंकियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। सभी के एबीटी और अलकायदा से संबंध सामने आए थे। इसके अलावा इन सभी आतंकवादियों के का क्षेत्रीय मदरसों से भी लिंक मिला था। इन मदरसों के जरिए ये आतंकी आतंकी संगठनों के पैसे जुटाने और युवाओं की भर्ती करने का काम करते थे। असम पुलिस ने इस साल मार्च से अब तक AQIS/ABT से जुड़े 38 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया है।
ढहाए गए मदरसे
आतंकियों का मदरसा लिंक सामने आने के बाद से इन मदरसों को भी गिराए जाने की कार्रवाई जारी है। बीते दिनों बारपेटा, बोंगाईगांव और गोपालपाड़ा में मदरसों को ढहाया गया था। गोपालपाड़ा में तो स्थानीय लोगों ने खुद मदरसे को गिरा दिया था। बारपेटा जिले के मदरसे में आतंकियों को चार साल तक पनाह देने वाले का मामला सामने आया था। इसके अलावा बोंगाईगांव जिले के कबाईटरी पार्ट- IV गांव में स्थित मरकजुल मा-आरिफ क्वारियाना मदरसा को तोड़ा गया था। इसी तरह के कार्रवाई गोपालपाड़ा में भी की गई थी।