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मैरीटाइम कॉन्क्लेव: विदेश सचिव हर्षवर्धन शृंगला बोले- हिंद महासागर क्षेत्र में आतंक के बढ़ते खतरे से बिगड़ेंगे सुरक्षा हालात
Tue, 09 Nov 2021 05:58 AM IST
देव कश्यप
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: देव कश्यप
Updated Tue, 09 Nov 2021 05:58 AM IST
सार
विदेश सचिव हर्षवर्धन शृंगला ने कहा कि गैर पारंपरिक खतरे और नई तकनीक मिलकर इस क्षेत्र की सुरक्षा के लिए नई चुनौतियां पेश कर रहे हैं। कुछ सरकारों से समर्थन प्राप्त आतंकवाद इस क्षेत्र में मुक्त परिचालन और व्यापार गतिविधियों के लिए बड़ा संकट हैं।
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हर्षवर्धन श्रृंगला, विदेश सचिव
- फोटो : ANI
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विस्तार
गोवा में मैरीटाइम कॉन्क्लेव को संबोधित करते हुए विदेश सचिव हर्षवर्धन शृंगला ने कहा, कुछ सरकारों के समर्थित आतंकवाद और बढ़ते सैन्य दखल से हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा हालात बिगड़ने का खतरा है। ऐसे में इस क्षेत्र के देशों को सुरक्षा और सुचारु व्यापार के लिए अधिक सहयोग जरूरी होगा।
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शृंगला ने कहा, गैर पारंपरिक खतरे और नई तकनीक मिलकर इस क्षेत्र की सुरक्षा के लिए नई चुनौतियां पेश कर रहे हैं। कुछ सरकारों से समर्थन प्राप्त आतंकवाद इस क्षेत्र में मुक्त परिचालन और व्यापार गतिविधियों के लिए बड़ा संकट हैं। साथ ही समुद्री संपत्तियों को भी इनसे बड़ा नुकसान होता है।
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शृंगला ने कहा, स्थापित अंतरराष्ट्रीय कानून के प्रति प्रतिबद्धता की कमी के कारण इस क्षेत्र का सैन्यीकरण बढ़ा है और सैन्यीकरण हमेशा जटिलताओं को बढ़ावा देता है। इसलिए यह तय है कि आने वाले समय में हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा का खतरा बढ़ेगा।
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उन्होंने जोर देकर कहा, इस संकट से निपटने के लिए आपसी सहयोग बढ़ाने की जरूरत है और भारत इसके लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। कॉन्क्लेव में रक्षा सचिव अजय कुमार और बांग्लादेश, इंडोनेशिया, मेडागास्कर, कोमरोस, सेशल्स, मालदीव, मलयेशिया, मॉरीशस, म्यांमार, सिंगापुर, श्रीलंका और थाईलैंड के नौसेना प्रमुख व अन्य प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।