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विधानसभा चुनावः ‘मूर्खों’ ने की राजनीतिक दलों से अपील, भविष्य रंगिए-दीवारें नहीं
Tue, 23 Oct 2018 09:33 PM IST
हरेन्द्र, नई दिल्ली
हरेन्द्र, नई दिल्ली
Updated Tue, 23 Oct 2018 09:33 PM IST
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पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के दौरान छत्तीसगढ़ के कुछ ‘बेवकूफों’ ने मीटू कैंपेन की तरह राजनीतिक दलों को एक नया संदेश देने का अभियान छेड़ा है। उनका कहना है कि चुनावों के एलान के साथ ही शहर की दीवारों को पोस्टरों से पाट देने वाले राजनीतिक दलों को रोका जाए। क्योंकि ये पोस्टर-बैनर प्रधानमंत्री के स्वच्छ भारत अभियान को दाग लगा रहे हैं।
गंदा दिखता है शहर
रायपुर के रहने वाले बंच ऑफ फूल्स यानी मूर्खों का झुंड के फाउंडर मेंबर सतीश भुवलका ने अमर उजाला को बताया कि चुनाव आते ही तमाम राजनीतिक दल शहरों की दीवारों को पोस्टरों से पाटना शुरू कर देते हैं, जिससे शहर सुंदर दिखने की बजाय बदसूरत दिखाई देता है। उनकी टीम ने ऐसे राजनीतिक दलों को शहरों की दीवारें गंदा करने से रोकने के लिए #भविष्यरंगियेदीवारनहीं नाम से एक मुहिम शुरू की है। सतीश के मुताबिक उनकी इस मुहिम को देश के साथ-साथ विदेश में रहने वाले तमाम लोगों ने समर्थन किया है।
राजनीतिक दलों ने किया सहयोग का वायदा
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33 वर्षीय सतीश ने बताया कि 7 दोस्तों ने मिल कर बंच ऑफ फूल्स को लॉन्च किया था, जो अलग-अलग व्यवसायों से जुड़े हुए हैं। उन्होंने बताया कि दीवार नहीं रंगने वाला कैंपेन तो उन्होंने हाल ही में शुरू किया है, जिसमें लोग कैंपेन के हैशटैग के साथ अपनी तस्वीर सोशल मीडिया पर शेयर करते हैं। काफी संख्या में वॉलंटियर्स उनके इस अभियान में शामिल हो रहे हैं। इस कैंपेन के लिए उन्होंने सभी राजनीतिक दलों के अध्यक्षों से मुलाकात कर पोस्टर न लगाने की अपील की। जिसके बाद कुछ राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों ने भरोसा दिलाया है कि वे शहरों की दीवारों को गंदा नहीं करेंगे।
घरवालों ने बताया था मूर्ख
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बंच ऑफ फूल्स नाम रखे जाने को लेकर सतीश का कहना है कि जब वे इस अभियान को शुरू करने की योजना बना रहे थे, तो उनके घर वालों और रिश्तेदारों ने उन्हें मूर्ख होने का ताना दिया। उनका मानना था कि बेवकूफियों वाले इरादे छोड़कर अपने बिजनेस पर ध्यान दो। जिसके बाद उन्होंने अपने ग्रुप का नाम यही रखने का फैसला किया।
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208 रविवारों से लगातार कर रहे सफाई
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सतीश के मुताबिक वे मोदी की स्वच्छ भारत अभियान से बहुत प्रभावित हैं। 2014 में स्वच्छ भारत अभियान शुरू करने के बाद उन्होंने भी इसमें हिस्सा लेने की ठानी। वे बताते हैं कि पिछले चार सालों में 208 रविवारों में बिना कोई छुट्टी लिए 228 जगह सफाई की है। वे अब तक एक लाख 73 हजार 500 स्क्वॉयर फुट से ज्यादा का एरिया साफ कर चुके हैं। उनके इस अभियान में डॉक्टर, इंजीनियर, चार्टर्ड अकाउंटेंट शामिल हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने रायपुर दौरे के दौरान उनकी टीम से विशेष मुलाकात की थी।
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