फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Flight Safety DGCA seeks report from airlines orders mandatory training Concerned over pilot fatigue

Flight Safety: पायलटों की थकान पर चिंता, डीजीसीए ने एयरलाइंस से मांगी रिपोर्ट; अनिवार्य ट्रेनिंग के दिए आदेश

Tue, 25 Nov 2025 11:24 PM IST
ज्योति भास्कर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली। Published by: ज्योति भास्कर Updated Tue, 25 Nov 2025 11:24 PM IST
सार

पायलटों की थकान पर चिंता जताते हुए विमानन महानिदेशालय- (डीजीसीए) ने एयरलाइन संचालकों से रिपोर्ट मांगी है। कंपनियों को अनिवार्य ट्रेनिंग के दिए आदेश भी दिए गए हैं। डीजीसीए ने कहा है कि आने वाले समय में सभी एयरलाइंस को थकान जोखिम प्रबंधन नीति भी लागू करनी होगी।

विज्ञापन
Flight Safety DGCA seeks report from airlines orders mandatory training Concerned over pilot fatigue
विमान उड़ाने वाले पायलटों को लेकर DGCA का अहम निर्देश (सांकेतिक) - फोटो : एएनआई

विस्तार

पायलटों में बढ़ती थकान की शिकायतों को देखते हुए नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने एयरलाइंस के लिए नियमों को और कड़ा कर दिया है। नए निर्देशों के तहत अब एयरलाइंस को रोस्टर तैयार करने वाले शेड्यूलर और डिस्पैचर कर्मियों को भी थकान प्रबंधन (फटीग मैनेजमेंट) की ट्रेनिंग देना अनिवार्य होगा।

विज्ञापन


अस्वीकृति के कारणों का उल्लेख करना होगा
डीजीसीए की 20 नवंबर की सर्कुलर में कहा गया है कि सभी एयरलाइंस को अब तिमाही थकान रिपोर्ट जमा करनी होगी, जिसमें थकान प्रबंधन का प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले क्रू सदस्यों की संख्या, प्राप्त थकान रिपोर्ट, स्वीकृत या अस्वीकृत रिपोर्टों का विवरण और अस्वीकृति के कारणों का उल्लेख करना होगा।
विज्ञापन


इंडिगो और टाटा समूह की एअर इंडिया ने जताई थी आपत्ति
सूत्रों के अनुसार, कई महीनों से एयरलाइंस की ओर से फटीग रिपोर्ट नहीं भेजी जा रही थीं, खासकर 1 जुलाई से नए ड्यूटी पीरियड और आराम नियमों के पहले चरण के लागू होने के बाद। इंडिगो और टाटा समूह की एअर इंडिया समेत कई घरेलू एयरलाइंस ने शुरुआती दौर में नए मानकों पर आपत्ति जताई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


कम से कम 24 घंटे का आराम हो
संशोधित मानकों का दूसरा चरण 1 नवंबर से प्रभावी हुआ है। सर्कुलर के अनुसार, फटीग ऑफ (थकान कम करने की अवधि) कम से कम 24 घंटे का होना चाहिए और उसमें एक स्थानीय रात शामिल होनी चाहिए। इसके अलावा, एयरलाइंस को थकान जोखिम प्रबंधन नीति, जागरूकता कार्यक्रम, रिपोर्टिंग सिस्टम, थकान की निगरानी तंत्र और घटना रिपोर्टिंग की व्यवस्था अनिवार्य रूप से लागू करनी होगी।

एक स्वतंत्र फटीग रिव्यू कमेटी भी गठित होगी

ट्रेनिंग ऑपरेशंस मैनुअल में परिभाषित होगी
डीजीसीए ने बताया कि जुलाई में लागू हुए एफडीटीएल (फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन) मानकों के प्रथम चरण की समीक्षा में पाया गया कि कई ऑपरेटर वार्षिक फटीग ट्रेनिंग के दायरे को लेकर स्पष्ट नहीं थे। अब यह ट्रेनिंग ऑपरेशंस मैनुअल में परिभाषित होगी और वार्षिक ग्राउंड ट्रेनिंग में कम से कम एक घंटे की होगी। एयरलाइंस को एक स्वतंत्र फटीग रिव्यू कमेटी भी गठित करनी होगी, जो पायलट थकान से जुड़े मामलों का विश्लेषण कर सुझाव देगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed