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मुख्यमंत्री को सौंपी रिपोर्ट में दावा, पूर्व नियोजित और सांप्रदायिकता से प्रेरित थे बंगलूरू दंगे
Sat, 05 Sep 2020 04:04 AM IST
Jeet Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू
Published by: Jeet Kumar
Updated Sat, 05 Sep 2020 04:04 AM IST
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बीएस येदियुरप्पा (फाइल फोटो)
- फोटो : Facebook
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बंगलूरू में हाल में हुए दंगे ‘पूर्व नियोजित’ थे और पूरी तरह सांप्रदायिक रूप से प्रेरित थे। मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा को सौंपी गई एक रिपोर्ट में यह दावा किया गया है।
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सिटीजन फॉर डेमोक्रेसी नामक संगठन ने अपनी फैक्ट फाइंडिंग रिपोर्ट में कहा है कि 11 अगस्त की रात को दंगों के दौरान भीड़ ने कुछ हिंदू बहुल इलाकों को विशेष तौर पर निशाना बनाया। पूरी हिंसा सरकार में लोगों का विश्वास कम करने के मकसद से की गई।
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संगठन के मुताबिक, फैक्ट फाइंडिंग समिति में रिटायर्ड डिस्ट्रिक्ट जज श्रीकांत डी बबालाडी, पूर्व आईएएस अधिकारी मदन गोपाल, पूर्व आईएफएस अधिकारी आर राजू समेत कुछ रिटायर नौकरशाह शामिल हैं।
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मदन गोपाल की अध्यक्षता वाली समिति ने शुक्रवार को अपनी रिपोर्ट मुख्यमंत्री को सौंपी। रिपोर्ट में कहा गया है कि दंगों में 36 सरकारी, 300 निजी वाहन और कई घरों को नुकसान पहुंचाया गया, जिससे करीब 10 से 15 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। न सिर्फ दंगों में स्थानीय लोग शामिल थे, बल्कि उन्हें पहले से ही इसकी सूचना भी थी। निसंदेह यह सांप्रदायिक तौर पर प्रेरित थे।
समिति का यह भी मानना है कि जिस तरह से घरों और लोगों को निशाना बनाया गया, उसका मकसद डर फैलाना हो सकता है ताकि इलाके को मुस्लिम बहुल बनाया जा सके। दंगों में एसडीपीआई और पीएफआई की प्रमुख भूमिका थी।