लक्षद्वीप मामला: फिल्म निर्माता आयशा ने लिखा पीएम मोदी को पत्र, देशद्रोह का आरोप हटाने की मांग
- फिल्म निर्माता आयशा सुल्ताना ने कहा था कि केंद्र सरकार ने बायो वेपन के तौर पर प्रशासक प्रफुल्ल पटेल की तैनाती की है। इसके बाद उन पर देशद्रोह का मुकदमा दर्ज किया गया था।
विस्तार
सुल्ताना ने लक्षद्वीप के प्रशासक प्रफुल्ल पटेल को लेकर विवादित बयान दिया था। इसके बाद भाजपा के लक्षद्वीप प्रदेश अध्यक्ष ने राजद्रोह का केस दर्ज करवाया था।
Filmmaker Aisha Sulthana writes to PM Narendra Modi and Home Minister Amit Shah, seeking a directive to the Union Home Secretary to drop the sedition charge pressed against her for ‘bio weapon’ remark.
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She also seeks to appoint a new administrator to Lakshadweep — ANI (@ANI) July 13, 2021
लक्षद्वीप पुलिस ने की थी आयशा सुल्ताना से पूछताछ, लैपटॉप जब्त
फिल्मकार आयशा सुल्ताना के खिलाफ दर्ज राजद्रोह के मामले की जांच कर रही लक्षद्वीप पुलिस ने बृहस्पतिवार उनसे पूछताछ की और उनका लैपटॉप जब्त कर लिया था।
सुल्ताना ने पूछताछ के बाद पत्रकारों से बात करते हुए आरोप लगाया था कि लक्षद्वीप पुलिस की पांच सदस्यीय टीम ने यहां कक्कानाड के निकट उनके फ्लैट पर तलाशी ली और उनका तथा भाई का लैपटॉप जब्त कर लिया। साथ ही उन्होंने बैंक खातों की जानकारी भी मांगी ।
सुल्ताना ने कहा कि पुलिस कर्मी उन्हें सूचना दिए बगैर उनके घर आ पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि मामले की जांच के नाम पर पुलिस उन्हें परेशान कर रही है। पुलिस ने पिछले महीने भी सुल्ताना से पूछताछ की थी।
यह था पूरा मामला
एक मलयालम टीवी समाचार चैनल पर डिबेट के दौरान फिल्म निर्माता आयशा सुल्ताना ने कहा था कि लक्षद्वीप में अभी तक कोरोना का एक भी केस नहीं था, लेकिन अब हर रोज 100 केस सामने आ रहे हैं। मैं स्पष्ट तौर से कह सकती हूं कि केंद्र सरकार ने बायो वेपन के तौर पर प्रशासक प्रफुल्ल पटेल की तैनाती की है।
आगे कहा था कि वह यहां पर अलोकतांत्रिक, जनविरोधी नीतियों को लागू कर रहे हैं, जिससे कोरोना के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। आयशा सुल्ताना के बयान के बाद भाजपा ने इसकी कड़ी आलोचना की और उसके खिलाफ राजद्रोह का मुकदमा दर्ज करवाया था।