{"_id":"69183ceb23a215132f0c4001","slug":"ed-file-prosecution-complaint-in-pmla-court-against-karnataka-congress-mla-satish-krishna-sail-2025-11-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Money Laundering: कर्नाटक के कांग्रेस विधायक की बढ़ी परेशानी, ED की विशेष अदालत में शिकायत; जानिए पूरा मामला","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Money Laundering: कर्नाटक के कांग्रेस विधायक की बढ़ी परेशानी, ED की विशेष अदालत में शिकायत; जानिए पूरा मामला
Sat, 15 Nov 2025 02:12 PM IST
देवेश त्रिपाठी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: देवेश त्रिपाठी
Updated Sat, 15 Nov 2025 02:12 PM IST
सार
इसी महीने की शुरुआत में ईडी ने कांग्रेस विधायक सतीश कृष्ण की 21 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क की थी। जांच एजेंसी ने सेल को सितंबर महीने में गिरफ्तार किया था।
विज्ञापन
कर्नाटक की कारवार सीट के कांग्रेस विधायक सतीश कृष्ण सेल
- फोटो : Facbool/SatishKSai
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शनिवार को कर्नाटक के कांग्रेस विधायक सतीश कृष्ण सेल के खिलाफ विशेष अदालत में मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामले में अभियोजन शिकायत दायर की। कर्नाटक की कारवार सीट से विधायक सतीश कृष्ण मल्लिकार्जुन शिपिंग प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक हैं।
विज्ञापन
ईडी ने धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के प्रावधानों के तहत इस कंपनी के खिलाफ भी अभियोजन शिकायत दायर की है। ईडी ने जानकारी देते हुए बताया कि यह शिकायत लौह अयस्क के कथित अवैध निर्यात से सरकारी खजाने को 44.09 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने से जुड़ी है।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें- Bihar Election Results: बिहार में पार्टी के प्रदर्शन पर कांग्रेस का मंथन, राहुल गांधी-खरगे समेत नेता रहे मौजूद
विज्ञापन
इसी महीने की शुरुआत में ईडी ने कांग्रेस विधायक सतीश कृष्ण की 21 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क की थी। इन संपत्तियों पर कांग्रेस विधायक सेल मल्लिकार्जुन शिपिंग प्राइवेट लिमिटेड नाम की गोवा से चलने वाली कंपनी के जरिए स्वामित्व रखते थे।
कारवार विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक सतीश कृष्ण को ईडी ने सितंबर में गिरफ्तार किया था। हालांकि उन्हें चिकित्सा के आधार पर अंतिम जमानत मिल गई थी। बाद में इसे ईडी की विशेष पीएमएलए अदालत ने रद्द कर दिया था।
ईडी ने 2010 में कर्नाटक लोकायुक्त की ओर से दर्ज किए गए एक मामले से जांच शुरू की थी। इस मामले में बेल्लारी से बेलेकेरी बंदरगाह तक करीब आठ लाख टन लौह अयस्क अवैध रूप से ले जाए जा रहे थे।
यह भी पढ़ें- Maharashtra Politics: बिहार में जनादेश के बाद भाजपा के लिए महाराष्ट्र से बुरी खबर? छह नेताओं ने पार्टी छोड़ी
वहीं, एक अन्य मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने ओशन सेवन बिल्डटेक प्राइवेट लिमिटेड (ओएसबीपीएल) के प्रबंध निदेशक स्वराज सिंह यादव को गिरफ्तार किया है। स्वराज सिंह यादव पर कई प्रोजेक्ट में घर खरीदारों से इकट्ठा किए गए रुपयों की मनी लॉन्ड्रिंग और हेराफेरी में मुख्य भूमिका निभाने का आरोप है।
ईडी ने जानकारी देते हुए कहा कि ओएसबीपीएल और उससे जुड़े लोगों से जुड़ी एक जांच के संबंध में पीएमएलए एक्ट के प्रावधानों के तहत दिल्ली-एनसीआर और अन्य जगहों पर तलाशी अभियान के बाद 13 नवंबर को यादव को गिरफ्तार किया गया.