{"_id":"5c5150dcbdec22737548aa6c","slug":"despite-the-cold-security-personnel-removed-the-three-year-old-child-black-jacket-video-viral","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में ठंड के बावजूद सुरक्षा कर्मी ने उतरवाई तीन साल के बच्चे की जैकेट","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में ठंड के बावजूद सुरक्षा कर्मी ने उतरवाई तीन साल के बच्चे की जैकेट
Wed, 30 Jan 2019 12:53 PM IST
Avdhesh Kumar
भाषा, गुवाहाटी
भाषा, गुवाहाटी
Published by: Avdhesh Kumar
Updated Wed, 30 Jan 2019 12:53 PM IST
विज्ञापन
Social Media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
असम में मुख्यमंत्री के एक कार्यक्रम में शामिल होने आई एक मां को सुरक्षा बलों के आदेश पर ठंड के बावजूद अपने तीन वर्षीय रोते बच्चे की काली जैकेट उतारनी पड़ी। बिश्वनाथ जिले में मंगलवार की सुबह मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल के कार्यक्रम में भाग लेने आई मां और बच्चे का वह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है जिसमें मां अपने रोते हुए बच्चे की जैकेट उतार रही है। असम के स्थानीय टीवी चैनलों ने भी इसे प्रसारित किया है। इस घटना की कड़ी आलोचना होने के बाद मुख्यमंत्री ने मामले की पुलिस जांच के आदेश दिए हैं।
नागरिकता संशोधन विधेयक के खिलाफ असम में व्यापक प्रदर्शन हो रहे हैं। एक वीडियो में बच्चे की मां पत्रकारों से कहती दिख रही है, मेरा तीन वर्षीय बच्चा काली जैकेट पहने हुए था। सुरक्षा बलों ने उसे जैकेट पहनकर परिसर में जाने की अनुमति नहीं दी। सुरक्षा बलों ने मुझसे उसकी जैकेट उतारने को कहा। जैकेट उतरने के बाद बच्चे ने कड़कड़ाती ठंड में केवल एक कमीज पहन रखी थी।
स्थानीय लोगों ने विधेयक के खिलाफ जारी प्रदर्शनों के बीच पिछले कुछ सप्ताह में मुख्यमंत्री, मंत्रियों और वरिष्ठ भाजपा नेताओं को काले झंडे दिखाए जाने का जिक्र करते हुए कहा पुलिसकर्मियों को काले रंग से डर लगने लगा है। उन्होंने एक बच्चे को भी ठंड में काली जैकेट उतारने पर मजबूर किया। उन्हें डर है कि काले कपड़े प्रदर्शन करने का जरिया हो सकते हैं।
विज्ञापन
गुवाहाटी में गणतंत्र दिवस समारोह में असम पुलिस के सुरक्षा कर्मियों ने प्रत्येक व्यक्ति से पूछा था कि कहीं उनके पास काले रंग का रूमाल तो नहीं है। असम पुलिस के एक सिपाही ने बताया कि हमने लोगों से पूछा कि क्या उनके पास काले रंग का कोई भी कपड़ा है? उन्हें मैदान में काले रंग का कोई भी सामान लाने की अनुमति नहीं है। साथ ही सिपाही ने काले कपड़ों, रूमालों, मफलरों, शॉल, स्वेटरों, यहां तक कि सर पर लगाए जाने वाले बैंड का ढेर दिखाया। यह सामान लोगों से लिया गया था।
विज्ञापन
नागरिकता संशोधन विधेयक के खिलाफ असम में व्यापक प्रदर्शन हो रहे हैं। एक वीडियो में बच्चे की मां पत्रकारों से कहती दिख रही है, मेरा तीन वर्षीय बच्चा काली जैकेट पहने हुए था। सुरक्षा बलों ने उसे जैकेट पहनकर परिसर में जाने की अनुमति नहीं दी। सुरक्षा बलों ने मुझसे उसकी जैकेट उतारने को कहा। जैकेट उतरने के बाद बच्चे ने कड़कड़ाती ठंड में केवल एक कमीज पहन रखी थी।
विज्ञापन
स्थानीय लोगों ने विधेयक के खिलाफ जारी प्रदर्शनों के बीच पिछले कुछ सप्ताह में मुख्यमंत्री, मंत्रियों और वरिष्ठ भाजपा नेताओं को काले झंडे दिखाए जाने का जिक्र करते हुए कहा पुलिसकर्मियों को काले रंग से डर लगने लगा है। उन्होंने एक बच्चे को भी ठंड में काली जैकेट उतारने पर मजबूर किया। उन्हें डर है कि काले कपड़े प्रदर्शन करने का जरिया हो सकते हैं।
विज्ञापन
गुवाहाटी में गणतंत्र दिवस समारोह में असम पुलिस के सुरक्षा कर्मियों ने प्रत्येक व्यक्ति से पूछा था कि कहीं उनके पास काले रंग का रूमाल तो नहीं है। असम पुलिस के एक सिपाही ने बताया कि हमने लोगों से पूछा कि क्या उनके पास काले रंग का कोई भी कपड़ा है? उन्हें मैदान में काले रंग का कोई भी सामान लाने की अनुमति नहीं है। साथ ही सिपाही ने काले कपड़ों, रूमालों, मफलरों, शॉल, स्वेटरों, यहां तक कि सर पर लगाए जाने वाले बैंड का ढेर दिखाया। यह सामान लोगों से लिया गया था।