फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   defence ministry employee have chance to protect the Prime Minister may join the SPG on deputation

मंत्रालय के इन कर्मियों के पास प्रधानमंत्री की सुरक्षा करने का मौका, प्रतिनियुक्ति पर एसपीजी में हो सकते हैं शामिल

Wed, 21 Oct 2020 07:38 PM IST
दीप्ति मिश्रा जितेंद्र भारद्वाज, नई दिल्ली
जितेंद्र भारद्वाज, नई दिल्ली Published by: दीप्ति मिश्रा Updated Wed, 21 Oct 2020 07:38 PM IST
विज्ञापन
defence ministry employee have chance to protect the Prime Minister may join the SPG on deputation
विशेष सुरक्षा समूह - एसपीजी - फोटो : SPG

केंद्र सरकार ने अपने विभिन्न मंत्रालयों और विभागों में कार्यरत सिविल कर्मियों को प्रधानमंत्री की सुरक्षा करने वाले 'स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप'(एसपीजी) में काम करने का मौका दिया है। कर्मचारी एक निर्धारित अवधि के लिए एसपीजी में प्रतिनियुक्ति पर आ सकते हैं। 

विज्ञापन


ये कर्मी एसपीजी में प्रतिनियुक्ति ले सकते हैं 
एसपीजी में प्रतिनियुक्ति के लिए निजी सहायक, निजी सचिव, स्टेनो (अंग्रेजी), सेक्शन अफसर, अकाउंटेंट, एसएसए, जूनियर लेखाकार और जूनियर सेक्शन अफसर रैंक में काम करने वाले कार्मिक शामिल हैं। खास बात ये है कि प्रतिनियुक्ति पर आने वाले कर्मियों को 'एसपीजी' की जुझारू पोस्ट पर भी काम करने का अवसर दिया जाएगा, बशर्ते वे इसके काबिल हों। इस पद के लिए कर्मियों का चयन 'एसपीजी' ज्वाइन करने के एक माह बाद किया जाएगा।
विज्ञापन


एसपीजी में चयन के लिए अधिक उम्र 45 साल 
डीओपीटी के मुताबिक, एसपीजी में आने के इच्छुक कर्मियों की आयु 45 साल से अधिक नहीं होनी चाहिए। प्रतिनियुक्ति पर आने वाले व्यक्ति को नियमों के मुताबिक डेप्यटेशन ड्यूटी अलाउंस मिलेगा। जिन कर्मियों का चयन जुझारू पोस्ट के लिए होगा, उन्हें अपने मूल वेतन का 27.5 प्रतिशत भत्ता दिया जाएगा। वे ड्रेस अलाउंस और राशन मनी भत्ता लेने के भी हकदार होंगे। 
विज्ञापन
विज्ञापन


मूल विभाग में लौटने का विकल्प रहेगा 
यदि कोई कर्मी निर्धारित मापदंडों पर खरा नहीं उतरता है, तो उसे एसपीजी में सामान्य प्रतिनियुक्ति के नियमों के तहत रखा जा सकता है।ऐसी स्थिति में उसके पास अपने मूल विभाग में लौटने का विकल्प रहेगा। प्रतिनियुक्ति की अवधि छह साल रहेगी। नियुक्ति के तुरंत बाद उन्हें हॉस्टल या फैमिली क्वार्टर मिलेगा। यदि एसपीजी के पास इन दोनों विकल्पों में से कोई भी नहीं है, तो संबंधित कर्मचारी को एचआरए दिया जाएगा।

बता दें कि स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप यानि एसपीजी के कमांडो की कार्य कुशलता और क्षमता को अमेरिकी राष्ट्रपति के सुरक्षा गार्ड के बराबर माना जाता है। वो खास हथियारों और साजोसामान से लैस होते हैं। एसपीजी देश की सबसे पेशेवर एवं अत्याधुनिक हथियारों से लैस सुरक्षा बलों में से एक है। एसपीजी देश के प्रधानमंत्री के साथ ही भारत दौरे पर आए अति विशिष्ट अतिथि की सुरक्षा का जिम्मा संभालती है। यह पूर्व प्रधानमंत्रियों और उनके परिवार को भी सुरक्षा मुहैया कराती है। इसका मुख्यालय नई दिल्ली में है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed