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अदालत ने कॉरपोरेट बिचौलिए दीपक तलवार को दी जमानत
Fri, 01 May 2020 10:03 PM IST
मुकेश कुमार झा
पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली
Published by: मुकेश कुमार झा
Updated Fri, 01 May 2020 10:03 PM IST
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दीपक तलवार (फाइल)
दिल्ली की एक अदालत ने शुक्रवार को धन शोधन मामले में गिरफ्तार किए गए कॉरपोरेट बिचौलिए दीपक तलवार को जमानत दे दी। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने तलवार को, विदेश से अवैध रूप से धन प्राप्त करने से जुड़े धनशोधन के एक मामले गिरफ्तार किया था।
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विशेष न्यायाधीश अजय कुमार कुहाड़ ने तलवार को इस शर्त पर राहत प्रदान की कि वह मामले की जांच में सहयोग करेंगे और गवाहों को प्रभावित करने अथवा जांच में रूकावट पैदा करने का प्रयास नहीं करेंगे।
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जमानत की मांग करते हुए आरोपी ने अदालत से कहा कि इस मामले में उन्हें हिरासत में रखने का कोई औचित्य नहीं होगा। उन्होंने कहा कि इस मामले में वह अकेले आरोपी हैं, जिन्हें गिरफ्तार किया गया था और जांच पहले ही समाप्त हो चुकी है।
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साथ ही उन्होंने अदालत से यह भी कहा कि इस मामले में सभी साक्ष्य दस्तावेजी थे और इन्हें जांच एजेंसी बरामद कर चुकी है। ईडी के वकील अमित महाजन और नीतेश राणे ने अदालत से कहा कि तलवार पर गंभीर आर्थिक अपराध का आरोप है और अगर उन्हें जमानत दी जाती है तो वह फरार हो सकते हैं।
जांच एजेंसी ने यह भी कहा कि आरोपी अपनी गिरफ्तारी से पहले भी फरार रहा है और उसे दुबई से लाना पड़ा था।अपने आवेदन में तलवार ने कहा कि इस बात की कोई गुजाइंश नहीं है कि जांच को प्रभावित किया जा सके।
इससे पहले दिल्ली की एक अदालत ने यह कहते हुए उनकी अंतरिम जमानत अर्जी खारिज कर दी उन्हें तिहाड़ जेल में रखा गया है जहां सभी सुविधाएं उपलब्ध हैं। तलवार ने कोरोना वायरस के आधार पर अंतरिम जमानत मांगी थी।
ईडी के अनुसार तलवार एडवांटेज इंडिया नामक एक एनजीओ के संस्थापक सदस्य हैं और इस एनजीओ को जाने माने यूरोपीय मिसाइल निर्माता एमबीडीए और एयरबस फ्रांस से सीएसआर के तहत 2012-13से लेकर 2015-16 तक 90.72 करोड रूपये का विदेशी चंदा मिला था।
एजेंसी ने आरोप लगाया, 'जांच से खुलासा हुआ कि एनजीओ ने यह दर्शाने के लिए विभिन्न मदों के तहत फर्जी व्यय दिखाये कि विदेशी चंदा का इस्तेमाल विभिनन उद्देश्यों के लिए किया गया।'