कांग्रेस की मांग, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय चैनलों की बहस में ‘शालीनता’ बहाल करने के लिए बनाए नियम
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कांग्रेस प्रवक्ता जयवीर शेरगिल ने सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय से चैनलों की बहस में शालीनता बहाल करने को लेकर पत्र लिखा है। बृहस्पतिवार को लिखे इस पत्र में शेरगिल ने मंत्रालय से आग्रह किया कि समाचार चैनलों के बहस आधारित कार्यक्रमों में ‘शालीनता’ बहाल करने के मकसद से आचार संहिता लागू करने के लिए परामर्श जारी किया जाए।
शेरगिल ने सूचना एवं प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर को लिखे पत्र में कहा कि चैनलों की बहस में एक दूसरे पर कीचड़ उछालने के सिलिसले पर अंकुश लगाना जरूरी है। साथ ही यहां शालीनता लाने के लिए आचार संहिता का होना भी जरूरी है।
कांग्रेस के कई नेताओं ने शेरगिल के विचार का समर्थन किया। पार्टी के वरिष्ठ प्रवक्ता आनंद शर्मा ने ट्वीट कर कहा कि ‘न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एसोसिएशन’ (एनबीए) के दिशानिर्देशों का उल्लंघन हो रहा है और सुधार की जरूरत है।
I share the concerns expressed by @ Jaiveer Shergill over the damage done by competitive sensationalism in the media. The brazen violation of NBA guidelines and code need honest reflection and course correction. https://t.co/3RZwqCSUB6
— Anand Sharma (@AnandSharmaINC) August 13, 2020
गौरतलब है कि शेरगिल ने जावड़ेकर को यह पत्र उस वक्त लिखा है जब एक दिन पहले ही कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव त्यागी का दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। कांग्रेस सूत्रों के अनुसार, त्यागी बुधवार शाम एक टेलीविजन चैनल के बहस आधारित कार्यकम में शामिल थे और इस कार्यक्रम के कुछ देर बाद ही उनको दिल का दौरा पड़ा। इसके कुछ मिनटों बाद ही गाजियाबाद के एक अस्पताल में उनका निधन हो गया।
पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट कर सवाल किया, ‘कब तक जहरीली डिबेट और विषैले प्रवक्ता संयम और सादगी की जुबान की जान लेते रहेंगे? कब तक विभाजन का जहर इस देश की आत्मा को लीलता रहेगा? कब तक?’