{"_id":"5dc16a728ebc3e5b635f1014","slug":"congress-leader-shatrughan-sinha-criticize-over-demonetization-cause-economic-slowdown","type":"story","status":"publish","title_hn":"शत्रुघ्न सिन्हा ने नोटबंदी को बताया तुगलकी फरमान, कहा- विरोध की चुकाई कीमत","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
शत्रुघ्न सिन्हा ने नोटबंदी को बताया तुगलकी फरमान, कहा- विरोध की चुकाई कीमत
Tue, 05 Nov 2019 05:56 PM IST
Harendra Chaudhary
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Harendra Chaudhary
Updated Tue, 05 Nov 2019 05:56 PM IST
विज्ञापन
Shatrughan Sinha
- फोटो : File
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शत्रुघ्न सिन्हा का कहना है कि नोटबंदी एक 'तुगलकी फरमान' था, जिसकी देश को भारी कीमत चुकानी पड़ी। नोटबंदी के कारण देश के उद्योंगों की हालत खराब हो गई, जिसका खामियाजा आज आर्थिक मंदी के रुप में देश को चुकाना पड़ रहा है। उनका कहना है कि देश में बेरोजगारी की दर बहुत ज्यादा हो गई है और लोगों की नौकरियां खतरे में हैं। उन्होंने कहा कि अगर केंद्र सरकार ने नोटबंदी के पहले आर्थिक जानकारों से राय ली होती, तो देश को इतना बड़ा नुकसान नहीं होता।
मंगलवार को एक प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए शत्रुघ्न सिंहा ने कहा कि केंद्र सरकार के इस फैसले का विरोध करने के कारण उन्हें इसकी राजनीतिक कीमत चुकानी पड़ी। लेकिन यह जानते हुए भी उन्होंने उस फैसले का विरोध किया क्योंकि उनके लिए देश पहले है। गौरतलब है कि लोकसभा चुनाव के पहले शत्रुघ्न सिन्हा ने कांग्रेस पार्टी ज्वाइन कर ली थी और वे कांग्रेस के टिकट पर पटना साहिब से चुनाव भी लड़े थे।
दिल्ली प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष सुभाष चोपड़ा ने कहा कि केंद्र सरकार ने चीन के क्षेत्रीय समग्र आर्थिक साझेदारी यानी RCEP समझौते पर सहमत होने से इनकार कर दिया है। केंद्र सरकार का यह कदम सोनिया गांधी और राहुल गांधी के दबाव के कारण लिया गया है, क्योंकि कांग्रेस ने इस फैसले पर अपनी असहमित जाहिर कर दी थी। कांग्रेस का मानना था कि यह फैसला देश के किसानों और कामगरों के हितों के खिलाफ था।
विज्ञापन
विज्ञापन
मंगलवार को एक प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए शत्रुघ्न सिंहा ने कहा कि केंद्र सरकार के इस फैसले का विरोध करने के कारण उन्हें इसकी राजनीतिक कीमत चुकानी पड़ी। लेकिन यह जानते हुए भी उन्होंने उस फैसले का विरोध किया क्योंकि उनके लिए देश पहले है। गौरतलब है कि लोकसभा चुनाव के पहले शत्रुघ्न सिन्हा ने कांग्रेस पार्टी ज्वाइन कर ली थी और वे कांग्रेस के टिकट पर पटना साहिब से चुनाव भी लड़े थे।
विज्ञापन
दिल्ली प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष सुभाष चोपड़ा ने कहा कि केंद्र सरकार ने चीन के क्षेत्रीय समग्र आर्थिक साझेदारी यानी RCEP समझौते पर सहमत होने से इनकार कर दिया है। केंद्र सरकार का यह कदम सोनिया गांधी और राहुल गांधी के दबाव के कारण लिया गया है, क्योंकि कांग्रेस ने इस फैसले पर अपनी असहमित जाहिर कर दी थी। कांग्रेस का मानना था कि यह फैसला देश के किसानों और कामगरों के हितों के खिलाफ था।
विज्ञापन