{"_id":"624ec6e16d80f763ba290e36","slug":"congress-accusing-government-running-away-from-discussion-on-price-rise","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरकार पर विपक्ष हमलावर: संसद स्थगित करने पर कांग्रेस ने उठाए सवाल, कहा- यह महंगाई पर चर्चा से भागने का पैंतरा","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
सरकार पर विपक्ष हमलावर: संसद स्थगित करने पर कांग्रेस ने उठाए सवाल, कहा- यह महंगाई पर चर्चा से भागने का पैंतरा
Thu, 07 Apr 2022 04:42 PM IST
शिव शरण शुक्ला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Thu, 07 Apr 2022 04:42 PM IST
सार
राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि सरकार मूल्य वृद्धि पर चर्चा से भाग रही है। उन्होंने कहा कि वे इस मुद्दे को उठाते रहेंगे, इसके लिए वे सड़कों पर भी उतरेंगे।
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मल्लिकार्जुन खड़गे
- फोटो : एएनआई (फाइल)
विस्तार
संसद के दोनों सदनों की बैठक अचानक समाप्त किए जाने को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर हमला बोला है। कांग्रेस ने गुरुवार को संसद के बजट सत्र के निर्धारित समय से पहले समाप्त होने पर सवाल उठाया और सरकार पर महंगाई और उस पर चर्चा से भागने का आरोप लगाया। राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि महंगाई सबसे बड़ा मुद्दा है। उन्होंने कहा कि हमें लगता है कि सरकार गरीबों, बेरोजगारों और किसानों की समस्याओं को हल करने के लिए इच्छुक नहीं है। इसी के कारण संसद ने शुक्रवार तक का एजेंडा देने के बावजूद दो दिन पहले ही बंद कर दिया है।
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दरअसल, सरकार ने लोकसभा की व्यापार सलाहकार समिति (बीएसी) की बैठक के दौरान और राज्यसभा की बीएसी बैठक में महत्वपूर्ण विधेयकों के लिए मूल्य वृद्धि पर चर्चा के लिए समय आवंटित किया था। वहीं जब गुरुवार को अचानक दोनों सदनों की बैठकों को अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया गया तो निचले सदन में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी ने आरोप लगाया कि सरकार ने इसकी अनुमति न देकर 'प्रतिबद्धता का उल्लंघन किया है। उन्होंने आगे कहा कि सरकार का विश्वसनीयता सूचकांक सवालों के घेरे में है।
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नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने लगाया सरकार पर आरोप
वहीं, राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि महंगाई सबसे बड़ा मुद्दा है। पिछले कुछ दिनों के दौरान पेट्रोल और डीजल पर 10 रुपये प्रति लीटर से अधिक की वृद्धि की गई है। रसोई गैस सिलेंडर पर 50 रुपये बढ़ाये गये हैं। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि सरकार मूल्य वृद्धि पर चर्चा से भाग रही है। उन्होंने कहा कि वे इस मुद्दे को उठाते रहेंगे, इसके लिए वे सड़कों पर भी उतरेंगे।
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जयराम रमेश ने पीयूष गोयल की गैरमौजूदगी को लेकर उठाए सवाल
साथ ही राज्यसभा में कांग्रेस के मुख्य सचेतक जयराम रमेश ने भी सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि राज्यसभा की बीएसी बैठक में कई विधेयकों के लिए समय तय हो चुका था। विपक्ष भी इसके लिए तैयार था कि वहां इन विधेयकों को लाया जाएगा और उन पर चर्चा होगी। लेकिन सदन को अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया गया। यह सरकार की विफलता नहीं तो और क्या है। उन्होंने कहा कि सरकार के पास कोई एजेंडा नहीं बचा है। इस दौरान जयराम रमेश ने राज्यसभा में सदन के नेता पीयूष गोयल की गैरमौजूदगी पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि हमने अरुण जेटली और थावरचंद्र गहलोत को सदन में बैठते देखा है, लेकिन ये पहली बार है कि सदन के नेता लापता हैं।
गौरतलब है कि वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल इन दिनों ऑस्ट्रेलिया के आधिकारिक दौरे पर चल रहे हैं।
शशि थरूर ने ट्वीट कर कहा- सरकार जनता का ध्यान बांट रही
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर ने गुरुवार को केंद्र पर ईंधन की कीमतों में वृद्धि और उपभोक्ता मुद्रास्फीति से ध्यान हटाने का आरोप लगाया है। थरूर ने ट्विटर पर कहा कि सरकार को दो दिन पहले संसद को स्थगित करने के बजाय, ईंधन की कीमतों में वृद्धि और उपभोक्ता मुद्रास्फीति पर एक गंभीर बहस सुनने का साहस करना चाहिए था।
उन्होंने कहा कि यह स्पष्ट है कि भारत सरकार किसी भी कीमत पर मूल्यवृद्धि पर चर्चा नहीं करना चाहती है। शशि थरूर ने कहा कि लोकसभा ने वेपंस ऑफ मास डिस्ट्रक्शन विधेयक पारित किया है, लेकिन सरकार की असली ताकत भी यही है। उन्होंने कहा कि सरकार लगातार बढ़ रही महंगाई पर चर्चा करने के बजाय जनता का ध्यान बांट रही है।
मूल्य वृद्धि पर नियंत्रण के लिए नीति बनाई जानी चाहिए: ममता
इस बीच पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने केंद्र पर ईंधन और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में वृद्धि को नियंत्रित करने के लिए कुछ नहीं करने का आरोप लगाते हुए गुरुवार को जोर देकर कहा कि वृद्धि को रोकने के लिए एक नीति बनाई जानी चाहिए। उसने दावा किया कि देश में आर्थिक स्थिति बद से बदतर होती जा रही है और आशंका व्यक्त की कि राज्य आने वाले दिनों में कर्मचारियों को वेतन नहीं दे पाएंगे। बनर्जी ने केंद्र सरकार से राज्यों को उनके बकाया जीएसटी का भुगतान करने का भी आग्रह किया।