CMAI: 3-7 फरवरी तक इंडिया क्लाईमेट वीक होगा आयोजित, जलवायु परिवर्तन के खिलाफ दुनिया को एकजुट करना है उद्देश्य
सीएमएआई का भारत जलवायु सप्ताह का आयोजन 3 से 7 फरवरी तक दिल्ली में आयोजित किया जाएगा। इसका उद्देश्य जलवायु परिवर्तन के खिलाफ कार्रवाई के लिए दुनिया को एकजुट करना है।
विस्तार
कार्बन मार्केट एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीएमएआई) 3-7 फरवरी तक राजधानी दिल्ली के ले मेरिडियन होटल में किया जाएगा। भारत के पहले इंडिया क्लाइमेट वीक (आईसीडब्ल्यू) 2025 का उद्देश्य जलवायु परिवर्तन पर कार्रवाई, नवाचार और सहयोग को आगे बढाने के साथ ही एक स्थायी और शून्य कॉर्बन उत्सर्जन वाले भविष्य की खोज के लिए दुनिया भर के हितधारकों को प्रेरित करना है। अमर उजाला इस आयोजन का मीडिया सहयोगी है।
वहीं, कार्बन मार्केट्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष मनीष दबकारा ने इस आयोजन के वैश्विक महत्व के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 'प्रकृतिरेव शरणम्' के सिद्धांत पर आधारित यह आईसीडब्ल्यू 2025 भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन को दर्शाता है। भारत जलवायु सप्ताह 2025 एक आंदोलन है जो यह दिखाता है कि एक राष्ट्र, व्यवसाय और समुदाय एक स्थायी भविष्य के लिए कैसे सहयोग करते हैं। सीएमएआई ने कहा कि हमें इस ऐतिहासिक पहल का नेतृत्व करने पर गर्व है, जो नवाचार को बढ़ावा देने, साझेदारी को बढ़ाने और शून्यकार्बन उत्सर्जन वाले भविष्य की ओर हमारी यात्रा को बढ़ाने के लिए दुनिया भर के हितधारकों को एक साथ लाता है।
भारत जलवायु सप्ताह में 30 से अधिक देशों के राजनयिक, क्लाइमेट स्टार्टअप और उद्योगपति शामिल होंगे। वहीं, सड़क, परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय; बिजली मंत्रालय; पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय; नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय, कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय, वित्त मंत्रालय, कृषि मंत्रालय, विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय भी इसमें शामिल होंगे।
भारत जलवायु सप्ताह 2025 से जुड़ी खास बातें
- भारत जलवायु सप्ताह 2025 3 से 7 फरवरी, 2025 को नई दिल्ली में आयोजित किया जाएगा है।
- इसमें 6 फरवरी, 2025 को 'भारत जलवायु सम्मान पुरस्कार' दिए जाएंगे। इन पुरस्कारों के माध्यम से संगठनात्मक और व्यक्तिगत रूप से जलवायु परिवर्तन की दिशा में किए गए कामों के लिए सम्मानित किया जाएगा।
- इसके साथ ही इंडिया सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल (एसएएफ) एलायंस और इंडिया एक्सटेंडेड प्रोड्यूसर्स रिस्पॉन्सिबिलिटी (ईपीआर) एलायंस भी आईसीडब्ल्यू 2025 में लॉन्च किया जाएगा।
- वहीं, इस आयोजन के दौरान जलवायु परिवर्तन और कार्रवाई से जुड़े विशेषज्ञों की पैनल चर्चा, कार्यशालाएं और जीरो कार्बन बाजार और कई अन्य कार्यक्रमों पर मास्टरक्लास का आयोजन किया जाएगा।
इस आयोजन के बारे में भारत ईपीआर एलायंस के अध्यक्ष धनीश गोयल कहते हैं कि इसका उद्देश्य भारत की नेट जीरो कार्बन उत्सर्जन की पहल को तेज करने में एक प्रमुख माध्यम की भूमिका निभाना है। साथ ही टिकाऊ अपशिष्ट प्रबंधन प्रणाली को बढ़ावा देना और भारत को वैश्विक पर्यावरण मानकों के अनुकूल बनाना है।
वहीं, इंडिया एसएएफ एलायंस के अध्यक्ष जिमी ओल्सन ने इसे लेकर कहा कि भारत में एसएएफ (Sustainable Aviation Fuel) उत्पादन में वैश्विक नेता बनने और विमानन क्षेत्र को डीकार्बोनाइज करने की क्षमता है। इस प्रतिष्ठित गठबंधन का उद्देश्य विमानन को टिकाऊ बनाने में बड़ी प्रगति करना, वैश्विक डीकार्बोनाइजेशन के महत्वपूर्ण पहलू के साथ किफायती एसएएफ का उत्पादन करना है।