फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Child parents join questioning in medical negligence case and demand justice in Tamil Nadu

Tamil Nadu: चिकित्सकीय लापरवाही के मामले में बच्चे के माता-पिता पूछताछ में शामिल हुए, न्याय की मांग की

Tue, 04 Jul 2023 07:14 PM IST
Jeet Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई Published by: Jeet Kumar Updated Tue, 04 Jul 2023 07:14 PM IST
सार

बच्चे के माता-पिता थस्ताकिर मीरा और अजीसा ने बताया कि उनके बच्चे का हाथ दो जुलाई को सर्जरी करके हटा दिया और जब इस पर उन्होंने सवाल किया तो उनको बोला जा रहा है कि बच्चे दुख के बजाय निजी फायदे के लिए मुद्दो को मीडिया में ले जाया जा रहा है।

विज्ञापन
Child parents join questioning in medical negligence case and demand justice in Tamil Nadu
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

तमिलनाडु में एक सरकारी अस्पताल में 18 महीने के बच्चे को चिकित्सकीय लापरवाही के कारण अपना दाहिना हाथ गंवाना पड़ा। जिसके बाद बच्चों के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए और जमकर हंगामा किया। एक बच्चे के माता-पिता ने मंगलवार को अपने बच्चे के लिए न्याय की मांग की। वहीं विपक्षी दलों ने अस्पताल में कथित चूक के लिए पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग की।

विज्ञापन


डेढ़ साल के बच्चे के माता-पिता थस्ताकिर मीरा और अजीसा ने बताया कि उनके बच्चे का हाथ दो जुलाई को सर्जरी करके हटा दिया और जब इस पर उन्होंने सवाल किया तो उनको बोला जा रहा है कि बच्चे दुख के बजाय निजी फायदे के लिए मुद्दो को मीडिया में ले जाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हम पर लगाए जा रहे आरोपों से काफी दुखी हैं।
विज्ञापन


बच्चे की मां ने कहा कि हमने अपने बच्चे को उसके दिमाग में तरल पदार्थ जमा होने के इलाज के लिए 25 जून को राजीव गांधी सरकारी अस्पताल (आरजीजीजीएच) में भर्ती कराया था। उसके दोनों हाथ तब अच्छी स्थिति में थे। लेकिन आज उसको इस तरह एक हाथ का देखकर काफी दुख हो रहा है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


इस मामले को लेकर स्वास्थ्य मंत्री ने जांच पैनल गठन किया था जिसमें माता पिता भी शामिल हुए। जब पैनल की बैठक से वह बाहर निकले तो मीडिया को बच्चे के पिता थस्ताकिर ने बताया कि समस्या का समाधान करने के बजाय, हम पर व्यक्तिगत लाभ के लिए प्रचार पाने का आरोप लगाया जा रहा है। अजीसा ने अपने पति और अन्य रिश्तेदारों के साथ मीडियाकर्मियों को बताया कि जांच आयोग ने 21 सवालों के लिखित जवाब प्राप्त किए।


सरकार ने चिकित्सकीय लापरवाही से इनकार किया
राज्य के स्वास्थ्य मंत्री मा सुब्रमण्यम ने डॉक्टरों या कर्मचारियों की ओर से चिकित्सा लापरवाही से इनकार किया था। सरकार ने मेडिकल चूक के कथित मुद्दे की जांच के लिए तीन सदस्यीय सर्जन समिति का गठन किया था। स्वास्थ्य मंत्री एम सुब्रमण्यम ने दावा किया कि सरकारी चिकित्सक उस लड़के को बचाने के लिए हर संभव कोशिश कर रहे हैं। बच्चे को कई जटिलताओं के कारण राजीव गांधी सरकारी अस्पताल (आरजीजीएच) में रेफर किया गया था। डॉ. थेरानीराजन ने कहा था कि बच्चे को दिल का दौरा भी पड़ा था। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed