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नए साल पर लोगों को तोहफा: 81 करोड़ गरीबों को मुफ्त अनाज देना शुरू करेगी सरकार, पूरे साल उठा सकेंगे इसका लाभ
Sat, 31 Dec 2022 10:39 PM IST
निर्मल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: निर्मल कांत
Updated Sat, 31 Dec 2022 10:39 PM IST
सार
खाद्य मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि शनिवार को 1 जनवरी से 31 दिसंबर 2023 तक सभी एनएफएसए लाभार्थियों को वितरित किए जाने वाले खाद्यान्न के 'शून्य' मूल्य को अधिसूचित किया गया।
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निशुल्क राशन वितरण
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
केंद्र सरकार नए साल पर गरीबों को तोहफा देने जा रही है। सरकार 1 जनवरी से राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून (एनएफएसए) के तहत 81.35 करोड़ लाभार्थियों को एक साल के लिए मुफ्त अनाज मुहैया कराएगी।
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खाद्य मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि शनिवार को 1 जनवरी से 31 दिसंबर 2023 तक सभी एनएफएसए लाभार्थियों को वितरित किए जाने वाले खाद्यान्न के 'शून्य' मूल्य को अधिसूचित किया गया। केंद्र सरकार वर्ष 2023 के लिए 2 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की खाद्य सब्सिडी वहन करेगी।
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भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) के महाप्रंधकों को अपने अधिकार क्षेत्र के विभिन्न क्षेत्रों में प्रतिदिन तीन राशन दुकानों का अनिवार्य रूप से दौरा कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया है, ताकि योजना को सुचारू रूप से लागू किया जा सके।
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मंत्रालय ने लाभार्थियों को राशन वितरण करने वाले डीलर का मार्जिन उपलब्ध कराने की व्यवस्था पर राज्यों को परामर्श भी जारी किया है। खाद्य मंत्रालय ने बयान में कहा है कि केंद्र की एक नई एकीकृत खाद्य सुरक्षा योजना 1 जनवरी 2023 से शुरू होने वाली है। नई योजना वर्ष 2023 के लिए एनएफएसए के तहत 81.35 करोड़ लाभार्थियों को मुफ्त राशन प्रदान करेगी। यह योजना एनएफएसए के प्रभावी और समान कार्यान्वयन को भी सुनिश्चित करेगी।
इससे पहले, एनएफएसए के तहत कवर लाभार्थी 31 दिसंबर, 2022 तक 1 से 3 रुपये प्रति किलोग्राम की रियायती दर का भुगतान कर रहे थे। साथ ही उन्हें अप्रैल 2020 शुरू की गई प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (पीएमजीकेएवाई) के तहत मुफ्त अनाज मिल रहा था।