फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Central government informed Supreme Court Lookout notice issued No trace of Russian woman son yet

Court: 'रूसी महिला और बेटे का अब तक कोई सुराग नहीं', केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट को बताया; जारी हुआ लुकआउट नोटिस

Fri, 18 Jul 2025 04:09 PM IST
हिमांशु चंदेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: हिमांशु चंदेल Updated Fri, 18 Jul 2025 04:09 PM IST
सार

सुप्रीम कोर्ट को केंद्र सरकार ने बताया कि रूसी महिला और उसका बच्चा देश में ही हैं, लेकिन अब तक उनका कोई सुराग नहीं मिला। गृह मंत्रालय ने लुकआउट नोटिस और जांच के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने सीसीटीवी फुटेज और रेलवे से जांच तेज करने को कहा है।

विज्ञापन
Central government informed Supreme Court Lookout notice issued No trace of Russian woman son yet
सुप्रीम कोर्ट - फोटो : एएनआई (फाइल)

विस्तार

दिल्ली में एक रूसी महिला द्वारा अपने चार साल के बेटे को लेकर लापता होने के मामले में केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को सूचित किया है कि महिला ने देश को किसी वैध रास्ते से नहीं छोड़ा है, लेकिन अब तक उसका कोई सुराग नहीं लग सका है। यह मामला एक भारतीय पिता और रूसी मां के बीच बच्चे की कस्टडी को लेकर चल रहे विवाद से जुड़ा है।
विज्ञापन


केंद्र सरकार और दिल्ली पुलिस की ओर से पेश हुई अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल ऐश्वर्या भाटी ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि गृह मंत्रालय ने पूरे देश के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को महिला को ढूंढने के लिए लुकआउट नोटिस और ह्यू एंड क्राय नोटिस जारी किए हैं। महिला और बच्चा अभी भी लापता हैं और उन्हें ढूंढने के प्रयास जारी हैं।
विज्ञापन


रेलवे विभाग से जांच के निर्देश
न्यायमूर्ति सूर्यकांत और उनकी पीठ ने सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस को निर्देश दिया कि वे दिल्ली-एनसीआर के सभी रेलवे स्टेशनों और सार्वजनिक परिवहन व्यवस्थाओं से संपर्क कर महिला की संभावित आवाजाही की जांच करें। कोर्ट ने कहा कि सीसीटीवी फुटेज की भी तत्काल जांच की जाए ताकि महिला और बच्चे की लोकेशन का पता चल सके।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- सात लाख चाय बागान मजदूरों को ₹5000, दिव्यांग विवि और मेडिकल कॉलेज को मिली मंजूरी


सुरक्षा को लेकर जताई चिंता
कोर्ट ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए। न्यायमूर्ति सूर्यकांत ने कहा कि हमें बहुत जल्दी कुछ करना होगा। महिला और बच्चे की सुरक्षा को लेकर स्थिति चिंताजनक है। वहीं, कोर्ट ने सुनवाई को सोमवार 21 जुलाई तक के लिए टाल दिया है।

ये भी पढ़ें- 'महिलाओं को पिछड़ी परंपराओं से मुक्त करना जरूरी', महिला सशक्तिकरण पर बोले आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत

रूसी दूतावास ने क्या बताया?
सुनवाई के दौरान कोर्ट को यह भी बताया गया कि महिला 5 जुलाई को एक घंटे के लिए रूसी दूतावास गई थी। वहां उसने अपने भारतीय पति के खिलाफ शिकायतों को लेकर कानूनी मदद मांगी थी। दूतावास के अधिकारियों ने यह जानकारी भारत सरकार को एक व्हाट्सएप संदेश के जरिए दी है और मामले में सहयोग कर रहे हैं। अदालत को यह भी बताया गया कि महिला का संपर्क रूस में मौजूद अपने परिवार से भी टूट गया है। महिला का अपने परिजनों से भी कोई संपर्क संभव नहीं हो पा रहा है।




विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed