{"_id":"6411037da48edd7ba4011da4","slug":"centre-begins-process-for-amendments-in-ipc-crpc-and-indian-evidence-act-2023-03-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Law Amendments : IPC, CRPC व साक्ष्य कानून में संशोधन प्रक्रिया शुरू, गृह मंत्रालय ने हितधारकों से मांगे सुझाव","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Law Amendments : IPC, CRPC व साक्ष्य कानून में संशोधन प्रक्रिया शुरू, गृह मंत्रालय ने हितधारकों से मांगे सुझाव
Wed, 15 Mar 2023 05:00 AM IST
देव कश्यप
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
Published by: देव कश्यप
Updated Wed, 15 Mar 2023 05:00 AM IST
सार
केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय कुमार मिश्र ने मंगलवार को लोकसभा में बताया कि आपराधिक कानूनों में सुधार का सुझाव देने के लिए राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, दिल्ली के कुलपति की अध्यक्षता में एक समिति का गठन किया गया है।
विज्ञापन
गृह मंत्रालय, भारत सरकार।
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सरकार ने भारतीय दंड संहिता (आईपीसी), 1860, दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी), 1973 और भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1872 जैसे आपराधिक कानूनों में संशोधन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। गृह मंत्रालय ने इस संबंध में सभी हितधारकों से सुझाव मांगे हैं।
विज्ञापन
विधि विश्वविद्यालय के कुलपति की अध्यक्षता में समिति का गठन
केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय कुमार मिश्र ने मंगलवार को लोकसभा में बताया कि आपराधिक कानूनों में सुधार का सुझाव देने के लिए राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, दिल्ली के कुलपति की अध्यक्षता में एक समिति का गठन किया गया है। मिश्र ने कहा कि गृह मामलों से संबंधित संसद की स्थायी समिति ने अपनी 146वीं रिपोर्ट में इसकी जरूरत बताई है।
विज्ञापन
समिति ने अपनी 111वीं और 128वीं रिपोर्ट में भी संबंधित अधिनियमों में टुकड़े-टुकड़े संशोधन लाने के बजाय संसद में व्यापक कानून पेश करके युक्तिसंगत बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया था। मंत्री ने कहा, सभी को सस्ता और त्वरित न्याय प्रदान करने के लिए सरकार समिति की सिफारिशों और सभी हितधारकों से प्राप्त सुझावों को ध्यान में रखते हुए व्यापक कानून लाने के लिए प्रतिबद्ध है। हालांकि, इसकी समयसीमा तय नहीं की जा सकती।
विज्ञापन