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Manmohan Singh: सरकार ने मनमोहन सिंह स्मारक के लिए जमीन तलाशने की प्रक्रिया शुरू की, परिवार को दिए विकल्प
Wed, 01 Jan 2025 07:39 PM IST
राहुल कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: राहुल कुमार
Updated Wed, 01 Jan 2025 07:39 PM IST
सार
Manmohan Singh memorial: दिवंगत मनमोहन सिंह के परिवार के साथ सरकार ने तीन चार जगहों को लेकर विचार विमर्श भी किया है। किसी भी जगह पर अंतिम फैसला सिंह के परिवार से परामर्श के बाद लिया जाएगा। स्मारक के लिए चयनित भूमि आवंटित करने से पहले केंद्र एक ट्रस्ट का गठन करेगा।
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पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह
- फोटो : पीटीआई
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विस्तार
केंद्र सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत डॉ मनमोहन सिंह के स्मारक के लिए जगह तलाशने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अंतिम चयन के लिए पूर्व पीएम के परिवार से भी बातचीत जारी है। सूत्रों ने बताया कि केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) के अधिकारियों ने राष्ट्रीय स्मृति स्थल में संजय गांधी स्मारक के आसपास के स्थलों का दौरा किया और कुछ स्थानों की पहचान की जहां एक स्मारक बनाया जा सकता है।
सूत्रों ने बताया कि दिवंगत मनमोहन सिंह के परिवार के साथ सरकार ने तीन चार जगहों को लेकर विचार विमर्श भी किया है। किसी भी जगह पर अंतिम फैसला सिंह के परिवार से परामर्श के बाद लिया जाएगा। स्मारक के लिए चयनित भूमि आवंटित करने से पहले केंद्र एक ट्रस्ट का गठन करेगा। सरकार पहले ही पूर्व प्रधानमंत्री के परिवार के लिए एक स्मारक स्थापित करने की अपनी इच्छा व्यक्त कर चुकी है।
इससे पहले मंगलवार को केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा, 'कांग्रेस को इस पर राजनीति नहीं करनी चाहिए थी, सरकार ने कहा था कि ट्रस्ट बनाया जाएगा। सरकार ने कब इस पर असहमति जताई? कांग्रेस हर चीज में विवाद पैदा करना चाहती है, विवाद पैदा करने के लिए उनकी तरफ से चुना गया यह सही मौका नहीं है'।
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इन जगहों पर बन सकता है स्मारक
पूर्व पीएम के स्मारक स्थल को लेकर कुछ जगहों के नाम सामने आए हैं। एक रिपोर्ट में कहा गया है कि पूर्व पीएम का स्मारक राष्ट्रीय स्मृति स्थल और पूर्व पीएम चौधरी चरण सिंह के स्मारक किसान घाट के पास बन सकता है। दोनों ही जगह यमुना नदी के किनारे बनी हैं। इसके अलावा चर्चा यह भी है कि पूर्व पीएम का स्मारक संजय गांधी के समाधि स्थल और पूर्व पीएम नरसिम्हाराव की समाधि एकता स्थल के पास भी बनाया जा सकता है।
भारत में आर्थिक सुधारों के नायक मनमोहन सिंह का 26 दिसंबर को 92 वर्ष की आयु में आयु संबंधी जटिलताओं के कारण निधन हो गया था। कांग्रेस ने निगमबोध घाट पर उनका अंतिम संस्कार करने के लिए सरकार की आलोचना की। भाजपा और कांग्रेस के बीच दाह संस्कार और स्मारक की स्थापना को लेकर लगातार बयानबाजी हो रही है।
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सूत्रों ने बताया कि दिवंगत मनमोहन सिंह के परिवार के साथ सरकार ने तीन चार जगहों को लेकर विचार विमर्श भी किया है। किसी भी जगह पर अंतिम फैसला सिंह के परिवार से परामर्श के बाद लिया जाएगा। स्मारक के लिए चयनित भूमि आवंटित करने से पहले केंद्र एक ट्रस्ट का गठन करेगा। सरकार पहले ही पूर्व प्रधानमंत्री के परिवार के लिए एक स्मारक स्थापित करने की अपनी इच्छा व्यक्त कर चुकी है।
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इससे पहले मंगलवार को केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा, 'कांग्रेस को इस पर राजनीति नहीं करनी चाहिए थी, सरकार ने कहा था कि ट्रस्ट बनाया जाएगा। सरकार ने कब इस पर असहमति जताई? कांग्रेस हर चीज में विवाद पैदा करना चाहती है, विवाद पैदा करने के लिए उनकी तरफ से चुना गया यह सही मौका नहीं है'।
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इन जगहों पर बन सकता है स्मारक
पूर्व पीएम के स्मारक स्थल को लेकर कुछ जगहों के नाम सामने आए हैं। एक रिपोर्ट में कहा गया है कि पूर्व पीएम का स्मारक राष्ट्रीय स्मृति स्थल और पूर्व पीएम चौधरी चरण सिंह के स्मारक किसान घाट के पास बन सकता है। दोनों ही जगह यमुना नदी के किनारे बनी हैं। इसके अलावा चर्चा यह भी है कि पूर्व पीएम का स्मारक संजय गांधी के समाधि स्थल और पूर्व पीएम नरसिम्हाराव की समाधि एकता स्थल के पास भी बनाया जा सकता है।
भारत में आर्थिक सुधारों के नायक मनमोहन सिंह का 26 दिसंबर को 92 वर्ष की आयु में आयु संबंधी जटिलताओं के कारण निधन हो गया था। कांग्रेस ने निगमबोध घाट पर उनका अंतिम संस्कार करने के लिए सरकार की आलोचना की। भाजपा और कांग्रेस के बीच दाह संस्कार और स्मारक की स्थापना को लेकर लगातार बयानबाजी हो रही है।