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Manipur: मणिपुर में अराम्बाई तेंगगोल के सदस्य की गिरफ्तारी पर जमकर बवाल; कई इलाकों में हिंसा, निषेधाज्ञा लागू
Sun, 08 Jun 2025 04:33 PM IST
पवन पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंफाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंफाल
Published by: पवन पांडेय
Updated Sun, 08 Jun 2025 04:33 PM IST
सार
पिछले दो सालों से हिंसा से ग्रस्त मणिपुर में एक बार फिर से बवाल मचा हुआ है। इस बार अरम्बाई तेंगगोल के सदस्य कनन सिंह की गिरफ्तारी के बार कई इलाकों में जमकर हिंसा की गई हैं और कनन सिंह के रिहाई की मांग की गई है। वहीं इस हिंसा को देखते हुए प्रभावित इलाकों में निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है।
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मणिपुर में फिर हिंसा
- फोटो : ANI
विस्तार
सीबीआई ने रविवार को मणिपुर के इंफाल एयरपोर्ट से मैतेई संगठन अरम्बाई तेंगगोल (एटी) के एक कार्यकर्ता कनन सिंह को गिरफ्तार किया। उस पर 2023 के मणिपुर जातीय हिंसा से जुड़े कई आपराधिक मामलों में शामिल होने का आरोप है। इस गिरफ्तारी के बाद कनन सिंह को तुरंत गुवाहाटी ले जाया गया, जहां उसे कोर्ट में पेश किया जाएगा और पुलिस रिमांड मांगी जाएगी। मामले में सीबीआई ने बताया कि गिरफ्तारी की सूचना उनके परिवार को दे दी गई है।
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मणिपुर में हिंसा
- फोटो : ANI
कनन सिंह की गिरफ्तारी के बाद कई इलाकों में तनाव
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर मणिपुर हिंसा के मामलों की जांच सीबीआई कर रही है। सुरक्षा कारणों से इन मामलों की सुनवाई मणिपुर से हटाकर गुवाहाटी ट्रांसफर कर दी गई है। वहीं कनन सिंह की गिरफ्तारी की खबर फैलते ही इंफाल शहर में तनाव फैल गया। प्रशासन ने इंफाल वेस्ट, इंफाल ईस्ट, थौबल, बिष्णुपुर और ककचिंग जिलों में धारा 144 लागू कर दी है। इसके साथ ही इंटरनेट, मोबाइल डेटा, वीएसएटी और वीपीएन सेवाएं भी अस्थायी रूप से बंद कर दी गई हैं।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर मणिपुर हिंसा के मामलों की जांच सीबीआई कर रही है। सुरक्षा कारणों से इन मामलों की सुनवाई मणिपुर से हटाकर गुवाहाटी ट्रांसफर कर दी गई है। वहीं कनन सिंह की गिरफ्तारी की खबर फैलते ही इंफाल शहर में तनाव फैल गया। प्रशासन ने इंफाल वेस्ट, इंफाल ईस्ट, थौबल, बिष्णुपुर और ककचिंग जिलों में धारा 144 लागू कर दी है। इसके साथ ही इंटरनेट, मोबाइल डेटा, वीएसएटी और वीपीएन सेवाएं भी अस्थायी रूप से बंद कर दी गई हैं।
मणिपुर में हिंसा
- फोटो : ANI
प्रदर्शनकारियों ने कई इलाकों में किया चक्का जाम
शनिवार रात प्रदर्शनकारियों ने क्वाकैथेल और उरीपोक इलाकों में टायर और पुराना फर्नीचर जलाकर सड़कें जाम कीं। कई जगहों पर सुरक्षा बलों के साथ उनकी झड़पें भी हुईं। इंफाल ईस्ट के खुरई लामलोंग इलाके में एक भीड़ ने एक बस को आग के हवाले कर दिया।
2023 से हिंसा, सीएम का इस्तीफा और राष्ट्रपति शासन
बता दें कि, मई 2023 से मणिपुर में मैतेई और कुकी-जो समुदायों के बीच हुई जातीय हिंसा में अब तक 260 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और हजारों लोग बेघर हो गए हैं। वहीं राज्य के मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह के 9 फरवरी 2024 को इस्तीफा देने के बाद केंद्र सरकार ने 13 फरवरी 2024 को मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लगा दिया था।
शनिवार रात प्रदर्शनकारियों ने क्वाकैथेल और उरीपोक इलाकों में टायर और पुराना फर्नीचर जलाकर सड़कें जाम कीं। कई जगहों पर सुरक्षा बलों के साथ उनकी झड़पें भी हुईं। इंफाल ईस्ट के खुरई लामलोंग इलाके में एक भीड़ ने एक बस को आग के हवाले कर दिया।
2023 से हिंसा, सीएम का इस्तीफा और राष्ट्रपति शासन
बता दें कि, मई 2023 से मणिपुर में मैतेई और कुकी-जो समुदायों के बीच हुई जातीय हिंसा में अब तक 260 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और हजारों लोग बेघर हो गए हैं। वहीं राज्य के मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह के 9 फरवरी 2024 को इस्तीफा देने के बाद केंद्र सरकार ने 13 फरवरी 2024 को मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लगा दिया था।