फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Calcutta High Court has ordered transfer of investigation into explosions in Birbhum to NIA from cid

बीरभूम विस्फोट: कलकत्ता हाईकोर्ट ने मामले की जांच एनआईए को सौंपने का दिया आदेश, कहा- सीआईडी करे जरूरी सहयोग

Thu, 21 Apr 2022 06:17 PM IST
शिव शरण शुक्ला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता Published by: शिव शरण शुक्ला Updated Thu, 21 Apr 2022 06:17 PM IST
सार

कलकत्ता उच्च न्यायालय ने बीरभूम जिले में हुए विस्फोटों की जांच राज्य सीआईडी से एनआईए को सौंपने का आदेश दिया है। कलकत्ता हाईकोर्ट की एक खंडपीठ ने गुरुवार को एक विशेष अदालत के आदेश को बरकरार रखा है।

विज्ञापन
Calcutta High Court has ordered transfer of investigation into explosions in Birbhum to NIA from cid
कोर्ट का फैसला - फोटो : amar ujala

विस्तार

कलकत्ता उच्च न्यायालय ने बीरभूम जिले में हुए विस्फोटों की जांच राज्य सीआईडी से एनआईए को सौंपने का आदेश दिया है। कलकत्ता हाईकोर्ट की एक खंडपीठ ने गुरुवार को एक विशेष अदालत के आदेश को बरकरार रखा है। न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति बिवास पटनायक की खंडपीठ ने 2019 में बीरभूम जिले में हुए दोहरे विस्फोटों की जांच एनआईए से कराने का आदेश दिया है।साथ ही इस खंडपीठ ने पश्चिम बंगाल पुलिस के आपराधिक जांच विभाग (सीआईडी) को मामले से संबंधित सभी दस्तावेज एनआईए को सौंपने को कहा है। कोर्ट ने यह भी कहा है कि सीआईडी जांच में केंद्रीय जांच एजेंसी को जरूरी सहयोग दे।

विज्ञापन


पीठ ने 18 अप्रैल को पारित अपने आदेश में कहा कि केंद्रीय एजेंसी की शक्तियां राज्य की एजेंसी से कहीं अधिक व्यापक हैं, इसके कारण उसके द्वारा की गई जांच अधिक प्रभावी होगी। अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई 10 मई को होगी।
विज्ञापन


अगस्त, 2019 में सादापुर के एक घर में और उसी साल सितंबर में लोकपुर के एक अन्य घर में विस्फोट हुआ था। जिसकी जांच सीआईडी कर रही थी, लेकिन बाद में इस मामले में जांच एनआईए ने अपने हाथ में ले ली थी। बाद में केंद्रीय एजेंसी ने एक विशेष अदालत में अपील दाकिल कर कहा था कि सीआईडी मामले से संबंधित दस्तावेज उन्हें नहीं सौंप रही है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


जिसके बाद विशेष अदालत ने सीआईडी को दस्तावेजों को एनआईए को सौंपने का निर्देश दिया था। इसके बाद राज्य सरकार ने विशेष अदालत के फैसले को कलकत्ता हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। जिसके बाद अब कलकत्ता हाईकोर्ट ने मामले से जुड़े सभी दस्तावेजों को केंद्रीय जांच एजेंसी को सौंपने का आदेश दिया है। 

हंसखाली दुष्कर्म : भाजपा की जांच टीम ने नड्डा से की राष्ट्रपति शासन की संस्तुति
पश्चिम बंगाल के नदिया जिले के हंसखाली गांव में दुष्कर्म के बाद नाबालिग की हत्या के मामले में भाजपा की पांच सदस्यीय फैक्ट फाइंडिंग टीम ने अध्यक्ष जेपी नड्डा को रिपोर्ट सौंप दी है। रिपोर्ट में राज्य में कानून-व्यवस्था की बदतर स्थिति का हवाला देते हुए राष्ट्रपति शासन लगाने और आरोपियों को राज्य के बाहर की किसी जेल में रखने की सिफारिश की गई है।


घटनास्थल का दौरा कर लौटी टीम ने नाबालिग के परिजनों से बातचीत का हवाला देते हुए कहा कि टीएमसी नेता के पुत्र ने जन्मदिन पार्टी में लड़की को जबरन शराब पिलाने के बाद दुष्कर्म किया। तथ्यों का पता लगाने के लिए पार्टी ने पांच सदस्यीय टीम गठित कर इसमें यूपी सरकार की मंत्री बेबी रानी मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष रेखा वर्मा, महिला मोर्चा अध्यक्ष वनथी श्रीनिवासन, खुशबू सुंदर और पश्चिम बंगाल की विधायक श्रीरूपा मित्रा चौधरी शामिल थीं। इस मामले में राज्य हाईकोर्ट ने सीबीआई जांच का निर्देश दिया था। ब्यूरो

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed