फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   CAG Audit Report many drawbacks in CGHS drug procurement

CAG: कैग ने कहा- सीजीएचएस की दवा खरीद में कई कमियां, इसी वजह से केंद्रों पर दवाओं की हुई किल्लत

Tue, 09 Aug 2022 06:47 AM IST
देव कश्यप एजेंसी, नई दिल्ली।
एजेंसी, नई दिल्ली। Published by: देव कश्यप Updated Tue, 09 Aug 2022 06:47 AM IST
सार

कैग रिपोर्ट रिपोर्ट के अनुसार, एमएसओ ने दवा सूची में दर्ज सभी दवाओं की खरीद दर को अंतिम रूप नहीं दिया। सूची में दर्ज 2030 दवाओं में से संगठन ने 2016-17 से 2020-21 के बीच 220 से 641 दवाओं की दर के कॉन्ट्रैक्ट को ही अंतिम रूप दिया। इसका परिणाम यह हुआ कि सीजीएचएस केंद्रों पर दवाओं की किल्लत हो गई।

विज्ञापन
CAG Audit Report many drawbacks in CGHS drug procurement
कैग (सांकेतिक तस्वीर)। - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

देश के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (सीएजी) ने सोमवार को पेश अपनी ऑडिट रिपोर्ट में सेंट्रल गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम के तहत दवाओं की खरीद और आपूर्ति शृंखला में कई कमियां उजागर की हैं। रिपोर्ट में हेल्थ केयर संगठनों द्वारा प्रतिपूर्ति के दावों में होने वाले नियमों के उल्लंघन की ओर भी ध्यान आकृष्ट किया है। रिपोर्ट के अनुसार, स्वास्थ्य मंत्रालय समयबद्ध तरीके से दवाओं की सूची की समीक्षा भी नहीं करता जिसे सीजीएचएस और सरकारी अस्पतालों के लिए मेडिकल स्टोर संगठन (एमएसओ) तैयार करता है।

विज्ञापन


इस तरह के जून, 2015 के डाटा की समीक्षा फरवरी, 2022 में की गई। इसका अर्थ यह है कि सीजीएचएस की खरीद प्रक्रिया में इस अवधि में डॉक्टरों द्वारा लिखी गई नई दवाओं पर विचार ही नहीं किया जा सका। दवाओं की सूची से सामान्य रूप से लिखी जाने वाली दवाओं पर ध्यान केंद्रित करने में मदद मिलती है ताकि अधिक से अधिक बीमारियों को कवर किया जा सके और दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके। 
विज्ञापन


रिपोर्ट के अनुसार एमएसओ ने दवा सूची में दर्ज सभी दवाओं की खरीद दर को अंतिम रूप नहीं दिया। सूची में दर्ज 2030 दवाओं में से संगठन ने 2016-17 से 2020-21 के बीच 220 से 641 दवाओं की दर के कॉन्ट्रैक्ट को ही अंतिम रूप दिया। इसका परिणाम यह हुआ कि सीजीएचएस सूची में अधिकांश दवाएं खरीद ही नहीं पाया और इसके कारण सीजीएचएस केंद्रों पर दवाओं की किल्लत हो गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


डाक विभाग में अनियमितताओं से 96 करोड़ का गबन : सीएजी
नई दिल्ली। देश के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (सीएजी) ने कहा है कि देश के डाक घरों में 95.62 करोड़ रुपये के सार्वजनिक धन का गबन हुआ है। यह गबन 2002 से 2021 के बीच हुआ। सोमवार को पेश सीएजी की रिपोर्ट में कहा गया है कि डाक विभाग के मुख्य डाक घरों की बचत शाखा और बचत बैंक नियंत्रण संगठन (एसबीसीओ), विभाग और निदेशालय द्वारा समय-समय पर दिए निर्देशों को आंतरिक रूप से लागू करने में विफल रहे। इसके कारण देश के 14 डाक सर्किलों में 2002 से 2021 के बीच 95.62 करोड़ रुपये का गबन हुआ।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed