फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Cabinet Committee on Security meeting under chairmanship of PM Narendra Modi over west asia crisis oil price

Cabinet: पश्चिम एशिया संकट का भारत पर हो सकता है असर, PM मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की अहम बैठक

Fri, 04 Oct 2024 11:50 AM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: नितिन गौतम Updated Fri, 04 Oct 2024 11:50 AM IST
सार

हाल ही में अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने कहा है कि इस्राइल, ईरान के तेल ठिकानों पर हमला कर सकता है। इसके बाद दुनियाभर में तेल की कीमतों में इजाफा होने की आशंका पैदा हो गई है। अगर ऐसा हुआ तो भारत पर इसका विपरीत असर होगा। 

विज्ञापन
Cabinet Committee on Security meeting under chairmanship of PM Narendra Modi over west asia crisis oil price
पीएम मोदी की अध्यक्षता में हुई बैठक - फोटो : पीएमओ

विस्तार

पश्चिम एशिया में बढ़ते संकट का असर भारत पर भी हो सकता है। दरअसल पश्चिम एशिया संकट के चलते वैश्विक स्तर पर तेल की कीमतें बढ़ने की आशंका पैदा हो गई है। अगर ऐसा हुआ तो इसका सीधा असर भारत के खजाने पर होगा। ऐसे में हालात पर चर्चा के लिए शुक्रवार को पीएम मोदी की अध्यक्षता में सुरक्षा मामलों की कैबिनेट की अहम बैठक हुई। इस बैठक में पश्चिम एशिया के संकट और उसके भारत पर संभावित असर को लेकर चर्चा की गई। 
विज्ञापन


इस्राइल के ईरान के तेल ठिकानों पर हमला करने की आशंका
हाल ही में इस्राइली हवाई हमले में ईरान समर्थित हिजबुल्ला प्रमुख हसन नसरल्ला की मौत हो गई थी। इसके जवाब में ईरान ने बीते मंगलवार को इस्राइल पर मिसाइलों और रॉकेट्स से हमला किया। ईरान के हमले के बाद इस्राइल ने भी जवाबी कार्रवाई करने की धमकी दी थी। हाल ही में अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने कहा है कि इस्राइल, ईरान के तेल ठिकानों पर हमला कर सकता है। इसके बाद दुनियाभर में तेल की कीमतों में इजाफा होने की आशंका पैदा हो गई है। अगर ऐसा हुआ तो भारत पर इसका विपरीत असर होगा। 
विज्ञापन


भारत अपनी जरूरत का 85 फीसदी से ज्यादा तेल आयात करता है
दरअसल भारत अपनी जरूरत का 85 फीसदी से ज्यादा तेल आयात करता है। पेट्रोलियम मंत्रालय के पेट्रोलियम प्लानिंग एंड एनालिसिस सेल के आंकड़ों के अनुसार,  वित्तीय वर्ष 2023-24 में भारत में 2 करोड़ 94 लाख टन कच्चे तेल का उत्पादन किया। इसके लिए भारत सरकार ने करीब 132.4 अरब डॉलर की भारी-भरकम राशि का भुगतान किया। भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा तेल आयातक देश है। यही वजह है कि अगर तेल की कीमतें बढ़ती हैं तो इससे भारत के खजाने पर विपरीत असर पड़ेगा और सरकार का बजट गड़बड़ाने का आशंका है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


पश्चिम एशिया के हालात को देखते हुए मौजूदा संकट के लंबा खिंचने का डर है। यही वजह है कि ऐसी स्थिति में भारत सरकार की चिंता बढ़ना स्वभाविक है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed