असम में बोडोलैंड क्षेत्रीय परिषद के गठन के लिए भाजपा, यूपीपीएल और जीएसपी ने मिलाया हाथ
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असम में छह महीने बाद विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। उससे पहले हुए बोडोलैंड परिषद चुनाव में भाजपा ने अच्छा प्रदर्शन किया है। पार्टी ने यहां 40 में से नौ सीटों पर जीत दर्ज की है जबकि 2015 में हुए चुनाव में उसे केवल एक सीट मिली थी। सत्तारूढ़ बोडो पीपुल्स फ्रंट (बीपीएफ) को 17 और यूनाइटेड पीपुल्स पार्टी लिबरल (यूपीपीएल) को 12 सीटों पर जीत मिली है।
कांग्रेस और गण सुरक्षा पार्टी (जीएसपी) को एक-एक सीट पर जीत मिली है। जबकि बदरूद्दीन अजमल की एआईयूडीएफ अपना खाता खोलने में नाकाम रही है। यह चुनाव इसलिए महत्वपूर्ण हैं क्योंकि इन्हें विधानसभा चुनाव से पहले का सेमीफाइनल माना जा रहा है।
राज्यपाल ने स्वीकार किया दावा
भाजपा, यूपीपीएल और जीएसपी के नव-निर्वाचित 21 बीटीसी सदस्य बाद में परिषद का गठन करने के वास्ते अपना दावा पेश करने के लिए राज्यपाल जगदीश मुखी से मिलने राजभवन गए। जहां उन्होंने प्रमोद बोडो के नेतृत्व में परिषद गठन का प्रस्ताव रखा जिसे राज्यपाल ने स्वीकार कर लिया। 15 दिसंबर को बीटीसी द्वारा परिषद का गठन कर लिया जाएगा।
बता दें कि राज्य सरकार में भाजपा की गठबंधन सहयोगी बोडो पीपुल्स फ्रंट (बीपीएफ) 17 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी है, वहीं यूपीपीएल ने 12, भाजपा ने नौ जबकि जीएसपी और कांग्रेस ने एक-एक सीट हासिल की है। बीपीएफ प्रमुख हाग्रामा मोहिलरी ने दिन में पहले भाजपा से परिषद का गठन करने के लिए अपना समर्थन देने की अपील की थी क्योंकि दोनों पार्टियां राज्य और केंद्र में गठबंधन में हैं।
बीपीएफ पिछले तीन कार्यकाल से परिषद का नेतृत्व कर रहा था। मोहिलरी परिषद के मुख्य कार्यकारी सदस्य (सीईएम) के रूप में नियुक्त थे। परिषद का चुनाव नई दिल्ली में 27 जनवरी को नेशनल डेमोक्रेटिक फ्रंट ऑफ बोडोलैंड (एनडीएफबी) के सभी चार धड़ों के नेताओं द्वारा नए बोडो समझौते पर हस्ताक्षर किए जाने के बाद हुआ।
बीटीसी का चुनाव चार जिलों- कोकराझार, चिरांग, बक्सा और उदलगुरी में हुआ, जो बोडोलैंड प्रादेशिक क्षेत्र (बीटीआर) के अंतर्गत आता है।
यूपीपीएल के नेता प्रमोद बोरो अगले BTC प्रमुखः हिमंत बिस्वा सरमा
इस जीत के बाद असम के मंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि यूनाइटेड पीपुल्स पार्टी लिबरल, गण सुरखा पार्टी और बीजेपी गठबंधन के पास बहुमत है। हम अगले बोडोलैंड टेरिटोरियल काउंसिल (BTC) के गठन का दावा करने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यूपीपीएल के नेता प्रमोद बोरो अगले BTC प्रमुख होंगे।
United People Party Liberal, Gana Surakha Party & BJP alliance has the majority. We're going to stake claim to form the next Bodoland Territorial Council (BTC). Pramod Boro, UPPL will be the next BTC chief. UPPL urged JP Nadda ji to include them in NDA: HB Sarma, Assam Minister pic.twitter.com/DuOKZvKTob
— ANI (@ANI) December 13, 2020
भाजपा को मिली जीत पर केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा, 'एनडीए ने असम बीटीसी चुनाव में सहज बहुमत हासिल किया है। हमारे सहयोगी यूपीपीएल, सीएम सर्बानंद सोनोवाल, हिमंत बिस्वा सरमा, रणजीत कुमार दास और असम भाजपा को बधाई। मैं असम के लोगों को एक विकसित उत्तर पूर्व के प्रति प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकल्प में उनके निरंतर विश्वास के लिए धन्यवाद देता हूं।'
NDA secured a comfortable majority in Assam BTC election.
— Amit Shah (@AmitShah) December 13, 2020
Congratulations to our ally UPPL, CM @sarbanandsonwal, @himantabiswa, @RanjeetkrDass and @BJP4Assam unit.
I thank people of Assam for their continued faith in PM @narendramodi’s resolve towards a developed North East.
राज्य में मिलकर सरकार चला रहे बीपीएफ और भाजपा गठबंधन ने बीटीसी चुनाव अलग-अलग लड़ा था। चुनाव प्रचार के दौरान दोनों दल एक-दूसरे के खिलाफ खड़े दिखाई दिए। भाजपा और यूपीपीएल ने किसी भी औपचारिक गठबंधन की घोषणा नहीं की है, लेकिन दोनों ने त्रिशंकु परिणाम आने की स्थिति में चुनाव के बाद संभावित गठबंधन का संकेत दिया है।
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बीपीएफ ने बोडोलैंड क्षेत्रीय परिषद के गठन के लिए भाजपा से समर्थन मांगा
बोडोलैंड पीपल्स फ्रंट (बीपीएफ) के प्रमुख हाग्रामा मोहिलारी ने रविवार को असम सरकार में अपनी गठबंधन सहयोगी भाजपा से अपील की कि वह बोडोलैंड क्षेत्रीय परिषद (बीटीसी) का गठन करने के लिए उसे समर्थन दे। परिषद के लिए हुए चुनाव में किसी दल को बहुमत नहीं मिला है।
बीपीएफ और भाजपा ने 40 सदस्यीय परिषद के लिए अलग अलग चुनाव लड़ा था। बीपीएफ 17 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनी है वहीं भाजपा को नौ सीटें मिली हैं। यूनाइटेड पीपल्स पार्टी लिबरल (यूपीपीएल) ने 12 सीटें प्राप्त ही हैं तथा कांग्रेस और गण सुरक्षा पार्टी को एक-एक सीट मिली है।
बीटीसी स्वायत्त जिला परिषद है जिसमें चार जिले- कोकराझार, चिरांग, बक्सा और उदलगुरी आते हैं। मोहिलारी ने यहां पत्रकार वार्ता में कहा, 2016 में हमने भाजपा के साथ गठबंधन किया था और राज्य में सरकार बनाई थी हम राजग का हिस्सा भी हैं। हमने अब तक अपना गठबंधन नहीं तोड़ा है और मैं भाजपा से आग्रह करता हूं कि वह गठबंधन जारी रखे और नयी परिषद के गठन में बीपीएफ को समर्थन दे।
उन्होंने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और प्रदेश प्रमुख रणजीत दास से अपील की कि वे गठबंधन जारी रखें और बीपीएफ को समर्थन दें। उन्होंने कहा राजनीति में कोई स्थायी दुश्मन और दोस्त नहीं होता है, लिहाजा उन्हें उम्मीद है कि भाजपा बीटीसी में बीपीएफ को समर्थन देगी। इस साल 27 जनवरी को नया बोडो समझौता होने के बाद परिषद के चुनाव हुए हैं।