BJP: वर्ष 1975 के आपातकाल पर देशव्यापी अभियान छेड़ेगी भाजपा, कांग्रेस के 'सत्तावाद' को बेनकाब करने का दावा
Emergency: भारतीय जनता पार्टी पूरे देश में 1975 के आपातकाल पर एक अभियान शुरू करेगी। भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा द्वारा अभियान के मुख्य आयोजन को संबोधित किया जाएगा। इस अभियान को ‘लोकतंत्र के काले दिन’ नाम दिया गया है।
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भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने तय किया है कि पूरे देश में 1975 के आपातकाल पर एक अभियान शुरू किया जाएगा। भाजपा के अनुसार इस दौरान कांग्रेस को बेनकाब किया जाएगा। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनिल बलूनी ने कहा कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा द्वारा अभियान के मुख्य आयोजन को संबोधित किया जाएगा। इस अभियान को ‘लोकतंत्र के काले दिन (Dark Days of Democracy)’ नाम दिया गया है।
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनिल बलूनी ने क्या कहा?
अनिल बलूनी ने कहा कि 25 जून 1975 को तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने देश पर आपातकाल थोप दिया था। उन्होंने कहा ‘भारत के मजबूत लोकतंत्र में आपातकाल एक कभी न भूला जाने वाला काला अध्याय है। आपातकाल लागू होने के अगले 21 महीनों में तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने देश के लोकतंत्र और संविधान को बंधक बना लिया था। जनता, मीडिया और विपक्ष के नेताओं पर अनगिनत अत्याचार किए गए। इस दौरान नागरिक अधिकारों को खत्म कर दिया गया और तत्कालीन सरकार के खिलाफ उठने वाली आवाजों का दमन किया गया। आज भी 25 जून 1975 क बारे में पढ़कर मन में भय उत्पन्न हो जाता है।’
‘कांग्रेस के सत्तावाद को बेनकाब किया जाएगा’
भाजपा नेता अनिल बलूनी ने कहा कि कांग्रेस के सत्तावाद को बेनकाब करने के लिए देशव्यापी अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान की शुरुआत 25 जून को दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में होगी। आपको बता दें कि संविधान के अनुच्छेद 352 के अनुसार अगर देश की सुरक्षा के लिए कोई गंभीर खतरा होता है तो राष्ट्रपति द्वारा आपातकाल की घोषणा की जा सकती है।
पीएम मोदी ने आपातकाल को लेकर कांग्रेस पर साधा था निशाना
प्रधानमंत्री ने आपातकाल को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कल 25 जून है। 25 जून को भारत के लोकतंत्र पर लगे उस कलंक के 50 वर्ष पूरे हो रहे हैं। भारत की नई पीढ़ी कभी नहीं भूलेगी कि भारत के संविधान को पूरी तरह से नकार दिया गया था, संविधान के हर हिस्से की धज्जियां उड़ा दी गई थीं, देश को जेलखाना बना दिया गया था, लोकतंत्र को पूरी तरह दबा दिया गया था।