फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   BJP leader Subramanian Swamy meets Maharashtra Governor Bhagat Singh Koshyari at the Raj Bhavan

महाराष्ट्र: सुब्रमण्यम स्वामी ने राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी से की मुलाकात, राजभवन ने बताया शिष्टाचार भेंट

Mon, 19 Dec 2022 02:08 AM IST
देव कश्यप एजेंसी, मुंबई।
एजेंसी, मुंबई। Published by: देव कश्यप Updated Mon, 19 Dec 2022 02:08 AM IST
सार

दोनों के बीच ये मुलाकात महा विकास अघाड़ी के घटक शिवसेना (उद्धव ठाकरे समूह), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी, कांग्रेस और अन्य दलों द्वारा एकनाथ शिंदे-भाजपा सरकार के खिलाफ मुंबई में बड़े पैमाने पर हुए 'हल्ला बोल' मार्च निकालने के एक दिन बाद हुई है।

विज्ञापन
BJP leader Subramanian Swamy meets Maharashtra Governor Bhagat Singh Koshyari at the Raj Bhavan
सुब्रमण्यम स्वामी और महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी। - फोटो : Twitter@maha_governor

विस्तार

भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने रविवार को महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी से मुलाकात की। राजभवन ने एक बयान जारी कर बताया कि राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी और सुब्रमण्यम स्वामी के बीच महज एक शिष्टाचार मुलाकात थी।

विज्ञापन


दोनों के बीच ये मुलाकात महा विकास अघाड़ी (एमवीए) के घटक शिवसेना (उद्धव ठाकरे समूह), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी, कांग्रेस और अन्य दलों द्वारा एकनाथ शिंदे-भाजपा सरकार के खिलाफ मुंबई में बड़े पैमाने पर हुए 'हल्ला बोल' मार्च निकालने के एक दिन बाद हुई है।
विज्ञापन


विपक्ष ने हल्ला बोल मार्च के जरिए राज्यपाल कोश्यारी को हटाने की मांग की। विपक्ष का आरोप है कि उन्होंने छत्रपति शिवाजी महाराज और समाज सुधारक महात्मा फुले और सावित्रीबाई फुले का अपमान किया।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह बैठक इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि सुब्रमण्यम स्वामी ने इससे पहले सोलापुर जिले के मंदिरों के शहर पंढरपुर में कॉरिडोर विकसित करने की महाराष्ट्र सरकार की योजना का कथित रूप से विरोध किया था। सरकार ने काशी विश्वनाथ परियोजना की तर्ज पर विठ्ठल और रुक्मिणी मंदिर के आसपास कॉरिडोर बनाने का प्रस्ताव दिया है। 


हालांकि, परियोजना के लिए कस्बे में कुछ धार्मिक और आवासीय ढांचों को गिराने की आवश्यकता है, जिसका कुछ वर्गों द्वारा विरोध किया जा रहा है। पंढरपुर मंदिर सालाना लाखों भक्तों को आकर्षित करता है, जिससे सरकारी मशीनरी और पुलिस बल पर भारी दबाव पड़ता है। गलियारे का उद्देश्य भक्तों की सुविधा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed