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'लाल चौक में भाजपा का झंडा लहरा रहा है'
bbc
Updated Mon, 10 Jul 2017 11:14 AM IST
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भाजपा का झंडा
- फोटो : bbc
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'लाल चौक में भाजपा का झंडा लहरा रहा है'
कश्मीर घाटी में भारतीय जनता पार्टी का मुस्लिम और महिला चेहरा है हिना बट। कुछ समय पहले तक इसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती थी। बल्कि कहें घाटी में इसका वजूद नहीं था। लेकिन आज ये एक हक़ीक़त है। हिना भट के अनुसार, घाटी में भाजपा के तीन लाख सक्रिय सदस्य हैं। वो कहती हैं, "आज लाल चौक में भाजपा का झंडा है। जब भी हम रैली करते हैं पार्टी का झंडा लगाते हैं." कश्मीर चाहिए कश्मीरी नहीं, ऐसा कैसे चलेगा मुस्लिम बहुल कश्मीर घाटी में हिना भाजपा की एक दबंग नेता हैं। श्रीनगर से 2015 के विधान सभा चुनाव लड़ने वाली वो तीन मुस्लिम महिलाओं में से एक थीं। श्रीनगर से चुनाव में पार्टी ने 14 उम्मीदवार खड़े किए थे। वो कहती हैं, "हमारी हार में भी हमारी जीत थी क्योंकि कांग्रेस ने यहाँ सत्ता में रहने के बावजूद श्रीनगर से कभी भी 14 उम्मीदवार नहीं खड़े किए थे"।
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कश्मीर घाटी में भारतीय जनता पार्टी का मुस्लिम और महिला चेहरा है हिना बट। कुछ समय पहले तक इसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती थी। बल्कि कहें घाटी में इसका वजूद नहीं था। लेकिन आज ये एक हक़ीक़त है। हिना भट के अनुसार, घाटी में भाजपा के तीन लाख सक्रिय सदस्य हैं। वो कहती हैं, "आज लाल चौक में भाजपा का झंडा है। जब भी हम रैली करते हैं पार्टी का झंडा लगाते हैं." कश्मीर चाहिए कश्मीरी नहीं, ऐसा कैसे चलेगा मुस्लिम बहुल कश्मीर घाटी में हिना भाजपा की एक दबंग नेता हैं। श्रीनगर से 2015 के विधान सभा चुनाव लड़ने वाली वो तीन मुस्लिम महिलाओं में से एक थीं। श्रीनगर से चुनाव में पार्टी ने 14 उम्मीदवार खड़े किए थे। वो कहती हैं, "हमारी हार में भी हमारी जीत थी क्योंकि कांग्रेस ने यहाँ सत्ता में रहने के बावजूद श्रीनगर से कभी भी 14 उम्मीदवार नहीं खड़े किए थे"।
Hina Bhat
- फोटो : bbc
लेकिन यहाँ आम जमात भाजपा के काफ़ी ख़िलाफ़ है। उनके पिता मोहम्मद शफ़ी बट सांसद और राज्य मंत्री थे, लेकिन वे नेशनल कॉन्फ़्रेंस में थे। तो बेटी ने भाजपा में शामिल होने का फ़ैसला क्यों किया? वो कहती हैं कि सियासत में दाख़िल होने के किए उनके पिता ने प्रेरित किया और भाजपा में शामिल होने में पार्टी की राष्ट्रवादी विचारधारा ने उन्हें आकर्षित किया। लेकिन ये फ़ैसला आसान नहीं था, "दिक़्क़त थी एक महिला होना और दूसरी दिक़्क़त पार्टी का घाटी में अछूत समझा जाना"। लेकिन उनके अनुसार, उन्होंने इन दिक़्क़तों के आसानी से झेला। यूँ तो राज्य की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ़्ती ख़ुद एक महिला हैं. लेकिन घाटी के पारम्परिक मुस्लिम समाज में महिलाओं के लिए सियासत में आना कितना कठिन है? हिना का कहना था कि घाटी में मुस्लिम महिलाओं को सियासत में शामिल होना चाहिए, "वो जिस तरह से घर बना सकती हैं उसी तरह से देश भी बना सकती हैं"। 34 वर्षीय हिना श्रीनगर की घनी आबादी वाले इलाक़े में रहती हैं जहाँ से अलगाववादी हुर्रियत कॉन्फ़्रेंस का दफ़्तर ज़्यादा दूर नहीं है. उनके घर में सुरक्षा कर्मियों का पहरा ज़रूर है, लेकिन वो अपने लोगों के बीच रहती हैं। कश्मीर में जारी हिंसा और मुस्लिम युवाओं की मौतों के बारे में वो आम जनता को कैसे समझाती हैं? इस पर वो कहती हैं, "मैं भी कश्मीर की बेटी हूँ। मुझे भी उनके मरने का दर्द होता है"। लेकिन हिना कहती हैं जान कश्मीरी युवाओं की भी जाती है और सुरक्षा कर्मियों की भी। उन्हें दर्द दोनों के मरने का होता है।
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Hina Bhat
- फोटो : bbc
शांति की उम्मीद बरक़रार
उनका कहना था कि पत्थर फेंकने वाले युवाओं को सियासी मतलब के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। वो हुर्रियत के नेताओं को इसका ज़िम्मेदार मानती हैं। मगर वो ये स्वीकार करती हैं कि मानवाधिकार का उल्लंघन भी होता है। उनकी पार्टी पीडीपी के साथ सत्ता में भागीदार है। कहा ये जा रहा है कि दोनों पार्टियों के बीच काफ़ी तनाव रहता है। जिसके कारण सियासी माहौल अक्सर गरम रहता है। हिना कहती हैं कि विचारधारा के हिसाब से दोनों पार्टियाँ एक दूसरे से बिल्कुल अलग हैं। तो खटपट होना लाज़मी है, लेकिन उनके विचार में ऐसा हर पार्ट्नर्स के बीच होता है। हिना कहती हैं कि उनकी सरकार कश्मीर में हालात को सामान्य करने की पूरी कोशिश कर रही है, "जल्द ही कश्मीर में शांति बन जाएगी"।
उनका कहना था कि पत्थर फेंकने वाले युवाओं को सियासी मतलब के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। वो हुर्रियत के नेताओं को इसका ज़िम्मेदार मानती हैं। मगर वो ये स्वीकार करती हैं कि मानवाधिकार का उल्लंघन भी होता है। उनकी पार्टी पीडीपी के साथ सत्ता में भागीदार है। कहा ये जा रहा है कि दोनों पार्टियों के बीच काफ़ी तनाव रहता है। जिसके कारण सियासी माहौल अक्सर गरम रहता है। हिना कहती हैं कि विचारधारा के हिसाब से दोनों पार्टियाँ एक दूसरे से बिल्कुल अलग हैं। तो खटपट होना लाज़मी है, लेकिन उनके विचार में ऐसा हर पार्ट्नर्स के बीच होता है। हिना कहती हैं कि उनकी सरकार कश्मीर में हालात को सामान्य करने की पूरी कोशिश कर रही है, "जल्द ही कश्मीर में शांति बन जाएगी"।