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भीमा कोरेगांव हिंसा मामला: पुणे पुलिस ने पांच आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में दाखिल किए आरोप पत्र 

Thu, 15 Nov 2018 06:34 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पुणे
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पुणे Updated Thu, 15 Nov 2018 06:34 PM IST
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Bhima Koregaon violence case: Pune Police files chargesheet against the five accused
(फाइल फोटो)
भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में पुणे पुलिस ने पुणे सत्र न्यायालय में पांच आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किए हैं। इनमें एडवोकेट सुरेंद्र गडलिंग, शोमा सेन, महेश राउत, सुधीर ढवाले और रोना विल्सन के खिलाफ आरोपपत्र दायर किए हैं। 
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बता दें कि इससे पहले पुणे सेशंस कोर्ट ने भीमा कोरेगांव हिंसा में आरोपी सुधा भारद्वाज, अरुण फेरेरा और वर्नोन गॉन्जाल्विस को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। इससे पहले कोर्ट ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी और तीनों को नजरबंद रखा गया था। कोर्ट में पेशी के दौरान अरुण फेरेरा ने बताया कि हिरासत के दौरान हुई पूछताछ में उन्हें काफी मारा-पीटा गया है। अरुण फरेरा ने कहा कि 4 नवंबर को पूछताछ के दौरान 8 से 10 बार पुलिस अधिकारियों ने मारा जिसकी वजह से उनकी तबियत खराब हो गई और उन्हें अस्पताल ले जाया गया।  
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बता दें कि महाराष्ट्र पुलिस ने पांच कार्यकर्ताओं में से वरवर राव, अरुण फेरेरा, वर्नोन गॉन्जाल्विस, सुधा भारद्वाज और गौतम नवलखा को कोरेगांव भीमा हिंसा मामले में 28 अक्तूबर को गिरफ्तार किया था। तभी से पांचों कार्यकर्ता नजरबंद रखे जा रहे हैं। हालांकि गौतम नवलखा को दिल्ली हाई कोर्ट ने रिहा कर दिया था। 

इससे पहले बॉम्बे हाई कोर्ट ने कथित नक्सल समर्थक गौतम नवलखा, प्रोफेसर आनंद तेलतुंबडे और पादरी स्टेन स्वामी को राहत देते हुए 21 नवंबर तक गिरफ्तारी पर रोक लगा दी थी। बता दें कि 2 नवंबर को हुई सुनवाई के दौरान पुणे पुलिस की ओर से दर्ज मामलों को रद्द करने की मांग को लेकर नवलखा, प्रोफेसर आनंद और स्वामी ने हाईकोर्ट में याचिका लगाई थी। हाईकोर्ट ने कहा, ‘मामले से संबंधित कई याचिकाएं सुप्रीम कोर्ट में लंबित हैं। लिहाजा, सुप्रीम कोर्ट के आदेश का इंतजार करना होगा।’ 


मामले की अगली सुनवाई 21 नवंबर को होनी है। पिछले महीने हाईकोर्ट ने पुणे पुलिस को इन्हें गिरफ्तार नहीं करने का आदेश दिया था। बता दें कि कोरेगांव हिंसा और नक्सलियों से संबंधों के आरोप में नवलखा के अलावा वरवरा राव, अरुण फरेरा, वरनॉन गोंजालविस और सुधा भारद्वाज को पुणे पुलिस ने 28 अगस्त को गिरफ्तार किया था।
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