फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   'Attempt to malign force's image': Army on press conference video with 'men in uniform'

Indian Army: भारतीय सेना ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के वायरल वीडियो पर जताई कड़ी आपत्ति, कहा- छवि खराब करने की कोशिश

Fri, 22 May 2026 10:00 PM IST
निर्मल कांत पीटीआई, नई दिल्ली।
पीटीआई, नई दिल्ली। Published by: निर्मल कांत Updated Fri, 22 May 2026 10:00 PM IST
सार

Indian Army: भारतीय सेना ने सोशल मीडिया पर वायरल प्रेस कॉन्फ्रेंस वीडियो को सेना की छवि खराब करने की कोशिश बताया है। सेना के मुताबिक वीडियो में दिख रहे तीन लोगों को पहले ही अनुशासनहीनता के कारण बर्खास्त किया जा चुका है, जबकि एक अन्य व्यक्ति भगोड़ा है। पढ़िए रिपोर्ट-

विज्ञापन
'Attempt to malign force's image': Army on press conference video with 'men in uniform'
सेना ने प्रेस कॉन्फ्रेंस पर जताया ऐतराज - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक/एएनआई

विस्तार

भारतीय सेना ने शुक्रवार को सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो पर कड़ी आपत्ति जताई। इस वीडियो में कुछ लोग सैन्य वर्दी में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिखाई दे रहे हैं। सेना ने कहा कि इनमें से तीन लोगों को 'अनुशासनहीनता और गैर-सैनिक आचरण' के कारण सेवा से बर्खास्त किया जा चुका है।
विज्ञापन


सेना ने वायरल वीडियो पर क्या कहा?
सेना ने अपने एक्स खाते पर जारी बयान में कहा कि यह प्रेस कॉन्फ्रेंस वाला वीडियो मीडिया और सोशल मीडिया पर भारतीय सेना की छवि खराब करने की कोशिश के तहत फैलाया जा रहा है। वीडियो में दिखाई देने वाले लोगों का जिक्र करते हुए सेना ने कहा कि दो राजनेताओं के अलावा दिख रहा चौथा व्यक्ति 'भगोड़ा' है और उसके खिलाफ सैन्य तथा दीवानी अदालतों में अनुशासनात्मक कार्रवाई चल रही है।
विज्ञापन


प्रेस क्लब ऑफ इंडिया में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस
यह प्रेस कॉन्फ्रेंस गुरुवार को नई दिल्ली स्थित प्रेस क्लब ऑफ इंडिया में हुई थी। इसमें विपक्ष के दो राज्यसभा सांसद मनोज झा और संजय सिंह ने पत्रकारों से बातचीत की थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


अफवाहों से सावधान रहने की सलाह
सोशल मीडिया पर वायरल हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस की तस्वीरों और वीडियो को लेकर विवाद खड़ा हो गया है और सेना ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। सेना ने अपने पोस्ट में लोगों को अफवाहों से सावधान रहने की सलाह दी और #FakeAlert तथा #Beware हैशटैग का इस्तेमाल किया।
 

अनुशासनहीनता के कारण किए गए थे बर्खास्त
सेना की ओर से जारी तस्वीर में वर्दी पहने दो लोग मनोज झा और संजय सिंह के साथ बैठे दिखाई दे रहे हैं। तस्वीर पर 'False' और 'Misleading' की डिजिटल मुहर भी लगी हुई है। सेना ने अपने बयान में किसी राजनेता का नाम नहीं लिया। सेना ने कहा, एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का वीडियो मीडिया और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भारतीय सेना की छवि खराब करने की कोशिश के साथ फैलाया जा रहा है। वीडियो में दिख रहे चंदू चव्हाण, हरेंद्र यादव और पी नरेंद्र को अनुशासनहीनता और सैनिक का आचरण न करने के कारण सेवा से बर्खास्त किया गया था।

ये भी पढे़ं: बंगाल: कलकत्ता हाईकोर्ट ने हावड़ा स्टेशन के पास फेरीवालों को हटाने पर लगाई अंतरिम रोक, 10 जून को अगली सुनवाई

सेना ने यह भी कहा कि चौथा व्यक्ति शंकर सिंह गुर्जर भगोड़ा है और उसके खिलाफ सैन्य तथा दीवानी अदालतों में कार्रवाई जारी है। सेना के अनुसार, ये लोग जानबूझकर सोशल मीडिया पर झूठी, दुर्भावनापूर्ण और भ्रामक बातें फैला रहे हैं, ताकि उनके अपने गलत आचरण और सेवा से बर्खास्तगी से ध्यान हटाया जा सके। सेना ने लोगों से कहा कि वे ऐसे प्रचार के झांसे में न आएं और गलत सूचनाओं से सतर्क रहें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed